alt="" width="300" height="135" /> सेमिनार में शामिल प्रतिनिधि व ज़िले के विभिन्न स्कूलों के छात्र[/caption] सेमिनार में सड़क सुरक्षा के साथ-साथ हादसे में जख्मी हुए लोगो के प्राथमिक उपचार पर भी खास जानकारी दी गई. बताया गया कि अब नियम बदले गए है. हादसे में घायल लोगो को अस्पताल पहुंचाने वालों को पुलिस और कानून की पेचिदगियों का सामना नहीं करना होगा. एसपी अमित रेनू ने कहा कि युवा बगैर हेलमेट के ही जिस तरह से बाइक चलाते है. वो बेहद खतरनाक है. चार पहिया वाहनों में भी बगैर सीट बेल्ट लगाए ही लोग ड्राइविंग कर रहे हैं. इन कारणों से सड़क हादसे भी तेजी से बढ़ रहे है. डालसा सचिव सौरभ गौतम ने सड़क हादसे को लेकर कानूनी पहलू पर जानकारी दी और कहा कि किसी भी हादसे में जान गवाने वालो के लिए अलग-अलग सेक्शन में मुआवजा देने का प्रावधान है. यह">https://lagatar.in/giridih-locks-hanging-in-community-toilets-built-at-a-cost-of-lakhs/">यह
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