alt="" width="300" height="150" /> सुषमा जैन[/caption] सुषमा जैन ने केंद्र सरकार के फैसले का स्वागत करते हुए बताया कि सम्मेद शिखर को पर्यटन स्थल घोषित किया जाता तो बाहर से आकर सैलानी यहां मांस-मदिरा का सेवन शुरू कर देते, जिससे यहां की पवित्रता नष्ट होती. जैन धर्म में ये सब वर्जित है. [caption id="attachment_519612" align="aligncenter" width="300"]
alt="" width="300" height="150" /> अजय जैन[/caption] अजय जैन ने बताया कि केंद्र सरकार के फैसले से जैन समाज खुश हैं. पर्यटन स्थल घोषित किए जाने से सैलानी मांस, मछली, मदिरा और अन्य खाद्य पदार्थों का सेवन करते, जिससे यहां पवित्रता नहीं रहती. यह">https://lagatar.in/wp-admin/post.php?post=519071&action=edit">यह
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