Search

 
 
 

गिरिडीह : तिसरी का कबूतरी पहाड़ बनेगा प्रसिद्ध पर्यटन स्थल, तैयारी शुरू

 
Tisri (Giridih) : गिरिडीह जिले के तिसरी का कबूतरी पहाड़ पर्यटन स्थल के रूप में विकसित होगा. जिला प्रशासन ने इसकी तैयारी शुरू कर दी है. जिले के 10 प्रखंडों के 16 अलग-अलग स्थानों को पर्यटक स्थल के रूप में विकसित किया जाना है. इसमें कबूतरी पहाड़ भी शामिल है. जिला पर्यटन नोडल पदाधिकारी ने संबंधित अंचलाधिकारियों को उक्त पर्यटन स्थलों पर विकास के कार्य के लिए भूमि संबंधी विस्तृत रिपोर्ट उपलब्ध कराने को कहा है. इस पर पहल करते हुए राजस्व उपनिरीक्षक व सरकारी अमीन ने तिसरी प्रखंड के कबूतरी पहाड़ का निरीक्षण किया. तिसरी और भंडारी के बीच स्थित कबूतरी पहाड़ प्रकृति की अनुपम देन है. वहां जंगलों के बीच पहाड़ की गुफा में स्थित मंदिर में भगवान भोलेनाथ विराजमान हैं.पहाड़ की तलहटी में नदी बहती है. पहले मंदिर तक जाने के लिए लकड़ी की सीढ़ियां थीं, बाद में  पक्की सीढ़ियां बनाई गईं. साथ मंदिर के बाहर हनुमानजी जी की विशाल प्रतिमा स्थापित की गई. घने जंगलों के बीच स्थित इस मनोरम स्थल को देखने के लिए दूर-दूर से लोग आते हैं. वहां पहुंचने के लिए जंगल में पैदल यात्रा भी करनी पड़ती है. कार्तिक पूर्णिमा व महाशिवरात्रि पर मंदिर में श्रद्धालुओं की भीड़ जुटती है. कहा जाता है कि नागपंचमी के दिन मंदिर के आसपास नाग देवता का भी दर्शन होता है. पास में ही झुमरखेलवा पहाड़ है, जहां पिकनिक लोग पहुंचते हैं.

इन स्थलों का भी होना है विकास

जिला प्रशासन ने पीरटांड के संक्रांति मेला मैदान, बगोदर का हरिहर धाम, जमुआ का झारखंडधाम, सरिया का राजदहधाम, बेंगाबाद का सालखन सोरेन स्मृति उद्यान और खलीलशाह बाबा मज़ार, गांडेय का ईदगाह पहाड़ी, केनारी धाम व स्वर्गीय बसंत पाठक स्मृति उद्यान, गिरिडीह का बराकरधाम शिव मंदिर और सर जेसी बोस म्यूजियम, डुमरी का स्व. जगरनाथ महतो स्मारक स्थल, धनवार का पंचखेरो जलाशय और बाबा बालकेश्वर नाथ धाम के भी विकास की योजना बनाई है. यह भी पढ़ें : महाराष्ट्र">https://lagatar.in/maharashtra-pm-modi-said-i-bow-my-head-and-apologize-for-the-fall-of-shivajis-statue/">महाराष्ट्र

: पीएम मोदी ने कहा… शिवाजी की प्रतिमा गिरने पर सिर झुकाकर माफी मांगता हूं…
[wpse_comments_template]
Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही