alt="" width="300" height="149" /> जले आम के पेड़ों के अवशेष[/caption] किसान निशांत सिंह बताते हैं कि गर्मी के दिनों में ही यह हादसा होता है. कई बार विभाग के पदाधिकारी को खबर दी गई, मगर आज तक कोई पहल नहीं हुई. शुक्रवार की दोपहर भी इसी प्रकार की घटना हुई. बगीचा के ऊपर से गुजरने वाली हाईटेंशन तार से निकली चिंगारी ने कई किसानों को भारी नुकसान पहुंचाया है. सभी पेड़ों पर आम के फल लगे हुए थे. देखते-देखते 35 से 40 पेड़ जलकर खाक हो गए. किसानों ने अपने दर्द को बयां करते हुए कहा कि हमेशा हम किसानों को ही आर्थिक क्षति उठानी पड़ती है. एक पेड़ तो तैयार होने में तीन वर्ष से अधिक समय लग जाता है, लेकिन मिनटों में सालो की मेहनत बर्बाद हो जाती है और किसान अपनी लाचारी पर रोने के सिवाय कुछ नहीं कर पाते. यह">https://lagatar.in/godda-life-imprisonment-for-fathers-killer-son-fine-of-ten-thousand-also/">यह
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