Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

हजारीबाग : दोनों हाथ गंवाने के बाद भी होरिल ने नहीं छोड़ा हौसला

Advertisement
Advertisement
संघर्ष कर दो बच्चों को दिला रहे बेहतर तालीम शरीर से हुए मजबूर, तो परिवार के लिए भिक्षाटन करना भी कर लिया मंजूर Amarnath Pathak Hazaribagh : बिजली का काम करने के दौरान अपना दोनों हाथ गंवाने वाले होरिल महतो शरीर से पूरी तरह लाचार हो गए हैं. लेकिन उसके बाद भी उन्होंने संघर्ष का दामन नहीं छोड़ा है. उनका हौसला बुलंद है और अपने दोनों बच्चों की तालीम में कोई कमी नहीं की है. वह कहते हैं कि वह शरीर से मजूबर जरूर हुए हैं, लेकिन मन से नहीं. परिवार चलाने के लिए वह भिक्षाटन कर रहे हैं. चूंकि उन्हें कोई ऐसा काम नहीं सूझ रहा कि बगैर हाथों के वह कर सकें. उन्होंने कई बार जनता दरबार में भी ऐसे काम दिलाने की गुहार लगा चुके हैं. विष्णुगढ़ के चानो स्थित रमुआ निवासी होरिल वर्ष 2019 में ठेकेदार के अंदर काम करते थे. वहां बिजली का काम करने के दौरान करंट लगने से झुलस गए. जान बचाने के लिए उनके दोनों हाथ काट डाले गए. उसके बाद कोविड काल आ गया. इसे भी पढ़ें :मणिपुर">https://lagatar.in/manipur-central-government-should-be-ashamed-of-its-inaction-priyanka-gandhi/">मणिपुर

: केंद्र सरकार को अपनी निष्क्रियता पर शर्म आनी चाहिए : प्रियंका गांधी

प्रतिकूल परिस्थिति भी हौसला नहीं डिगा सका

परिस्थिति पूरी तरह उनके प्रतिकूल थी. लेकिन शिक्षा का महत्व समझते हुए उन्होंने भिक्षाटन करना मंजूर किया, लेकिन बच्चों की शिक्षा की लौ नहीं बुझने दी. उनका छह साल का बड़ा बेटा हिमांशु कुमार झुमरीतिलैया में रहकर सैनिक स्कूल और नवोदय विद्यालय में प्रवेश पाने के लिए तैयारी में लगा है. वहीं दूसरा बेटा चार वर्षीय प्रियांशु कुमार बनासो डीएवी पब्लिक स्कूल में अध्ययनरत है. होरिल कहते हैं कि मुआवजे के रूप में उन्हें कुछ राशि मिली थी. उनकी मां मसोमात महेंद्री देवी भी लकवाग्रस्त हैं. पत्नी गीता देवी जिंदगी की गाड़ी खींचने में सहयोग कर रही हैं. पिता कन्हाई महतो अब इस दुनिया में नहीं हैं. वह चाहते हैं कि कोई ऐसा काम मिले, जो हाथों के बगैर वह सकें. भिक्षाटन से उनके आत्मसम्मान को ठेस पहुंचता है, लेकिन मजबूर होकर वह औरों के समक्ष हाथ फैला रहे हैं. इसे भी पढ़ें :नोवामुंडी">https://lagatar.in/noamundi-middle-aged-man-dies-after-being-hit-by-train-near-kendposi-railway-station/">नोवामुंडी

: केंदपोसी रेलवे स्टेशन के पास ट्रेन की चपेट में आकर अधेड़ की मौत
[wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही