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हजारीबाग : प्रारंभिक शिक्षकों की वरीयता सूची पर संघ ने दर्ज कराई आपत्तियां

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प्रावधानों के अनुरूप आपत्तियों का निराकरण करते हुए संशोधित वरीयता सूची प्रकाशित करने की मांग Hazaribagh : जिला शिक्षा अधीक्षक कार्यालय हजारीबाग की ओर से 13 सितंबर को विभिन्न ग्रेडों में पदोन्नति के लिए प्रकाशित प्रारंभिक शिक्षकों की वरीयता सूची पर झारखंड प्राथमिक शिक्षक संघ हजारीबाग के अध्यक्ष मो. अतिकुज्जमा ने आपत्तियां दर्ज की हैं. उन्होंने कहा है कि कार्यालय के ज्ञापन में यह उल्लेख किया गया है कि वरीयता सूची विभागीय आदेश संख्या 619 दिनांक 26/ 8 /21 और अन्य विभागीय निर्देशों के अनुरूप बना है. लेकिन सूची के विस्तृत अध्ययन से यह स्पष्ट होता है कि विभागीय निर्देशों का पालन नहीं किया गया है. साथ ही उसमें कई त्रुटियां हैं. उन्होंने आपत्तियों के बारे में बताया कि प्रारंभिक शिक्षक पदोन्नति नियमावली 1993 के अनुसार ग्रेड तीन और चार के पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर का पालन किया जाना चाहिए. इसे भी पढ़ें :नेशनल">https://lagatar.in/national-testing-agency-nta-cuet-for-admission-in-pg-from-next-session-jee-main-from-january-24/">नेशनल

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पदोन्नति में आरक्षण रोस्टर के पालन की मांग

ऐसी स्थिति में सामान्य वरीयता सूची के साथ-साथ अनुसूचित जाति और अनुसूचित जनजाति के लिए अलग-अलग सूची का प्रकाशन भी करना चाहिए था, जबकि ऐसा नहीं किया गया. प्रारंभिक शिक्षक पदोन्नति नियमावली 1993 के अनुसार के मामले में प्रत्येक वर्ष मार्च में सेवारत ग्रेड-2 के शिक्षकों की संख्या का 20% ग्रेड-3 में पदोन्नति के लिए उपलब्ध होते हैं. ऐसे में पदोन्नति के लिए 2011 के बाद वर्षवार शिक्षकों की वरीयता सूची आरक्षण रोस्टर का पालन करते हुए बनाना चाहिए था. इसी प्रकार ग्रेड-4 के मामले में विभाग के आदेश संख्या -619 के अनुसार पद उपलब्धता की तिथि से प्रोन्नति देनी है. अतः इस मामले में भी पद उपलब्धता की तिथि से वर्षवार वरीयता सूची बनाई जानी चाहिए. अहर्ताधारी शिक्षकों के साथ-साथ पूर्व में ग्रेड-4 में प्रोन्नत शिक्षकों की पदोन्नति की तिथि को बदलते हुए पदोन्नति दी जानी चाहिए. लेकिन कार्यालय की ओर से ऐसा नहीं करना तय मापदंडों का उल्लंघन है. उन्होंने मांग की है कि कार्यालय की ओर से डीएसई स्वयं प्रावधानों के अनुरूप आपत्तियों का निराकरण करते हुए संशोधित वरीयता सूची प्रकाशित करें. इसे भी पढ़ें :रांची">https://lagatar.in/five-lawyers-of-ranchi-civil-court-accused-of-assault-fir-in-kotwali-police-station/">रांची

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