Search

हेमंत सरकार ने 3909 कंपनियों को भेजा नोटिस

Ranchi : निजी क्षेत्र में स्थानीय को नौकरी नहीं देने के मामले में हेमंत सरकार ने बड़ा एक्शन लिया है. इस मामले में निजी क्षेत्र के 3909 कंपनियों और प्रतिष्ठानों को नोटिस भेजा है. साथ ही 20 लाख 65 हजार रुपये का जुर्माना भी वसूला है. वर्तमान में राज्यभर में 7,083 नियोजक निबंधित हैं. इन्होंने अब तक 11,106 स्थानीय को ही नौकरी दी है. बताते चलें कि झारखंड के निजी क्षेत्रों में स्थानीय उम्मीदवारों का नियोजन अधिनियम, 2021 एवं नियमावली, 2022 संपूर्ण राज्य में 12 सितंबर 2022 से प्रभावी है. इसे भी पढ़ें - गढ़वा">https://lagatar.in/garhwa-minister-mithilesh-kumar-thakur-said-two-roads-will-be-constructed-at-a-cost-of-rs-2-crore/">गढ़वा

: मंत्री मिथिलेश कुमार ठाकुर ने कहा, दो करोड़ की लागत से होगा दो सड़कों का निर्माण…

क्या कहता है नियम

जिस भी निजी कंपनी, दुकान व अन्य प्रतिष्ठान में जहां 10 या 10 से ज्यादा लोग काम करते हैं, उनको इस कानून के दायरे में रखा गया है. कंपनियों में स्थानीय लोगों की बहाली सुनिश्चित हो, इसके लिए विभाग की ओर से पोर्टल बनाया गया है. इस पोर्टल पर कंपनियों को अपने कर्मियों का पूरा ब्योरा देना है. कर्मियों को स्थानीय प्रमाणपत्र भी पोर्टल पर उपलब्ध कराना है. श्रम विभाग की ओर से सितंबर 2021 में राज्य सरकार ने निजी क्षेत्रों में 75 फीसदी स्थानीय को बहाल करने संबंधी लाये गये कानून के प्रावधानों लागू कराने के लिए कार्रवाई शुरू की है. इस कानून के मुताबिक निजी क्षेत्र की कंपनियों-प्रतिष्ठानों में 40 हजार तक के वेतन पर काम कर रहे कर्मियों में 75 प्रतिशत स्थानीय होंगे.

निजी क्षेत्रों में कार्यरत कर्मचारियों में दो तिहाई बाहरी

झारखंड के निजी क्षेत्रों में कार्यरत कर्मचारियों में से दो तिहाई बाहरी हैं. मात्र एक तिहाई लोग ही स्थानीय हैं. संख्या के हिसाब से बात करें, तो राज्य की विभिन्न कंपनियों काम कर रहे 1,84,268 कर्मचारी दूसरे स्थानों से हैं. इस कटेगरी में दूसरे राज्यों के पुरुष कर्मचारी 1,60,458 और महिला कर्मचारियों की संख्या 23,003 है.

झारखंड के निजी क्षेत्रों में सैलरी का ट्रेंड

वेतनमान कटेगरी -  कर्मचारियों की संख्या 12 हजार से अधिक -  81,234 14 से 16 हजार -       33,937 16 से 18 हजार -     19,848 18 से 20 हजार -      13,309 20 से 25 हजार -      16,585 25 से 30 हजार -      14,973 30 से 35 हजार -      9,719 35 से 40 हजार -      6,010 इसे भी पढ़ें - सीएम">https://lagatar.in/cms-efforts-are-paying-off-a-child-missing-from-sahibganj-for-10-years-was-freed-from-delhi/">सीएम

का प्रयास ला रहा रंग, साहिबगंज से 10 वर्ष से लापता बालक को दिल्ली से कराया गया मुक्त
[wpse_comments_template]  

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp