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हेमंत सोरेन ने कहा, मोदी सरकार आंदोलन में मारे गये किसानों को दे शहीद का दर्जा, 5-5 करोड़ का मुआवजा भी दे

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Ranchi :  मोदी सरकार द्वारा तीनों कृषि कानून के वापस लेने के फैसले पर  झारखंड के मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा कि देश में आज भी लोकतंत्र जिंदा है. सीएम ने आंदोलन में मारे गये किसानों को 5-5 करोड़ रुपये मुआवजा और शहीद का दर्जा देने की मांग की है. इसके साथ ही सीएम ने उन किसान परिवारों के सदस्यों को नौकरी देने की मांग की है.  साथ ही जिन पर भी एफआईआर हुए हैं, या न्यायालय में आंदोलन से जुड़े जो भी लंबित मामले हैं,  उन्हें वापस लेने को कहा है. और इतने वक्त तक किसान जो सड़कों पर थे, जो घर-बार छोड़कर बाल-बच्चों के साथ सड़क पर थे, उन देश के सभी किसानों को फसल की क्षतिपूर्ति के लिए 10-10 लाख रुपए दें। इसे भी पढ़ें : शाम">https://lagatar.in/evening-news-diary-19-november-fake-kovid-report-ready-in-10-minutes-all-three-the-agricultural-laws-back/">शाम

की न्यूज डायरी।19 नवंबर।10 मिनट में तैयार फर्जी कोविड रिपोर्ट।तीनों कृषि कानून वापस।भारत-न्यूजीलैंड की भिड़ंत।बन रहा एयर एम्बिएंट इंप्रूवमेंट प्लान।बिहार के अलावा कई वीडियो।

फसल की क्षतिपूर्ति के लिए 10-10 लाख दें

मुख्यमंत्री ने कहा है कि पिछले एक साल से किसान अपने घर-बार छोड़कर बाल बच्चों के साथ सड़क पर आंदोलनरत थे. इससे उनकी फसलों को काफी नुकसान पहुंचा है. ऐसे में जेएमएम मांग करता है कि सरकार उन किसानों को फसल क्षतिपूर्ति के लिए 10-10 लाख रुपये देने का काम करे

  भाजपा इस प्रचार में लगी है कि पीएम किसानों के हितैषी हैं

बता दें कि प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने आज शुक्रवार सुबह देश को संबोधित करते हुए में तीन कृषि कानूनों को वापस लेने की घोषणा की थी. इसके बाद से देशभर में सत्ता और विपक्ष आमने-सामने हैं. भाजपा और उसकी सहयोगी पार्टियां जहां इस निर्णय को अच्छा बता रही हैं, वहीं प्रदेश में सत्तारूढ़ जेएमएम ने इसे हास्यास्पद घोषणा बताया है. जेएमएम के कार्यकारी अध्यक्ष सह मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने कहा है कि ऐसा निर्णय लेकर भाजपा अब पूरी तरह से इस तरह के प्रचार में लगी है कि प्रधानमंत्री किसानों के हितैषी दिखें. [wpse_comments_template]

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