- 2,819 अभ्यर्थियों की पुनर्परीक्षा को दी गई है चुनौती
Ranchi News : माध्यमिक आचार्य भर्ती परीक्षा में 2,819 अभ्यर्थियों की पुनर्परीक्षा से जुड़े मामले में सोमवार को झारखंड हाईकोर्ट में सुनवाई हुई. मामले में हाईकोर्ट के न्यायमूर्ति दीपक रोशन की कोर्ट ने सभी पक्षों को सुनने के बाद फैसला सुरक्षित रख लिया. मामले में प्रार्थियों की ओर से कोर्ट को बताया गया कि उनकी कोई गलती नहीं थी इसके बावजूद भी उनकी पुनर्परीक्षा परीक्षा ली गई. पहले वाले परीक्षा के आधार पर उनका रिजल्ट निकाला जाए. परीक्षा में उन पर संदिग्ध गतिविधि का जो आरोप लगाया जा रहा है वह गलत है.
वहीं. जेएसएससी की ओर से अधिवक्ता संजय पिपरवाल ने कोर्ट को बताया कि माध्यमिक आचार्य नियुक्ति परीक्षा में 24 हजार अभ्यर्थियों में से 2819 अभ्यर्थियों की गतिविधियां परीक्षा के दौरान संदिग्ध पाई गई थीं. हाईकोर्ट की खंडपीठ के आदेश के अनुरूप 2819 अभ्यर्थियों के पुनर्परीक्षा हुए हैं. 2819 अभ्यर्थियों के संबंध में बाहर से अनऑथराइज्ड एक्सेस की पुख्ता जानकारी एजेंसी को मिली है.
ऐसे अभ्यार्थियों के कंप्यूटर में किस आईडी से एक्सेस हुआ है वह भी पता चला है. परीक्षा लेने वाली एजेंसी के माध्यम से संदिग्ध गतिविधियों की जानकारी जेएसएससी को मिली थी. ऐसे में प्रार्थियों का यह कहना गलत है कि उनका इस मामले में कोई इंवॉल्वमेंट नहीं है. 2819 अभ्यर्थियों का पुनरपरीक्षा लेने का जेएसएससी का निर्णय सही है. हैकिंग अथवा अनधिकृत हस्तक्षेप की स्थिति सामने आई थी.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.


