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हिमंता ने चंपाई के बीजेपी में शामिल होने के कयासों पर लगाया विराम, कहा, वे हमारे संपर्क में नहीं...

मैं चंपाई सोरेन के बारे में कोई लूज कमेंट नहीं करना चाहता. वे न तो मेरे संपर्क हैं और न ही पार्टी के संपर्क में हैं. Ranchi : असम के सीएम सह झारखंड बीजेपी के विधानसभा चुनाव प्रभारी हिमंता बिस्व सरमा ने पूर्व सीएम चंपाई सोरेन के बीजेपी में आने के कयासों पर विराम लगा दिया है. शनिवार को देवघर एयरपोर्ट पर मीडिया से बातचीत में हिमंता बिस्व सरमा ने कहा कि मैं चंपाई सोरेन के बारे में कोई लूज कमेंट नहीं करना चाहता. वे न तो मेरे संपर्क हैं और न ही पार्टी के संपर्क में हैं.

चंपाई सोरेन झाममो के केंद्रीय नेतृत्व से नाराज चल रहे हैं

बताते चलें कि शुक्रवार को राजनीति के गलियारों में इस बात की चर्चा तेज हो गयी थी कि चंपाई सोरेन झाममो के केंद्रीय नेतृत्व से नाराज चल रहे हैं और वे बीजेपी का दामन थाम सकते हैं. चर्चा यह भी थी कि पीएम मोदी के झारखंड दौरा होने के समय वे बीजेपी का दाम थाम लेंगें. मीडिया से बातचीत में चंपाई सोरेन ने यह भी कहा था कि इंतजार कीजिए. फिर मीडिया कर्मियों ने पूछा था कि अप दिल्ली जा रहे हैं तो उन्होंने कहा कि मैं तो अपने समक्ष हूं.

 हिमंता का हेमंत पर तुष्टिकरण का आरोप,    हवलदार के परिजनों से की मुलाकात

Ranchi : असम के सीएम सह झारखंड बीजेपी के विधानसभा चुनाव सह प्रभारी हिमंता बिस्व सरमा ने एक बार फिर मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन पर निशाना साधा है. उन्होंने हेमंत सोरेन पर तुष्टीकरण का आरोप लगाया है. कहा है कि हेमंत सरकार तुष्टिकरण की सीमा पार कर गयी है. आदिवासी पीड़ित परिवार के साथ भी अन्याय कर रही है. इससे पहले हिमंता अपने झारखंड दौरे के दूसरे दिन बीजेपी प्रदेश अध्यक्ष बाबूलाल मरांडी के साथ चार्टर विमान से देवघर पहुंचे. वहां से वे सड़क मार्ग से बेंगाबाद पहुंचे, जहां उन्होंने चौहान हेंब्रम के परिजनों से मुलाकात की.

हिमंता बिस्व सरमा ने एक्स पर लिखा..

हिमंता बिस्व सरमा ने सोशल मीडिया एक्स में पोस्ट करते हुए लिखा है कि 11 अगस्त की आधी रात को, गैंगरेप के आरोप में आजीवन कारावास की सजा काट रहे दोषी मोहम्मद शाहिद अंसारी ने आदिवासी पुलिस हवलदार चौहान हेम्ब्रम की हत्या कर दी और हजारीबाग मेडिकल कॉलेज, झारखंड से फरार हो गया. पुलिस अभी तक आरोपी को पकड़ नहीं पायी है और अबतक पीड़ित परिवार से कोई मिलने नहीं गया है.

तुष्टीकरण की राजनीति चरम पर है

मुझे सूचना मिली है कि सुबह 4:30 बजे के आसपास पुलिस ने उनकी पत्नी और बच्चों को उनके घर से उठा लिया. कुछ ही मिनटों बाद, उन्होंने अन्य परिवार के सदस्यों को भी उठा लिया और घर को बंद कर दिया. यह बहुत अजीब है. तुष्टीकरण की राजनीति चरम पर है. झारखंड में आदिवासी लोग प्रतिदिन तुष्टीकरण की राजनीति के शिकार हो रहे हैं.

चंपाई सोरेन के समय थोड़ा अच्छा काम हुआ

हिमंता बिस्व सरमा ने कहा कि चंपाई सोरेन के कार्यकाल में थोड़ा अच्छा काम हुआ. सीएम हेमंत सोरेन के पास बोलने के लिए बस मंईंया सम्मान योजना है. उसमें भी तीन लाख 60 हजार के बजाय सिर्फ एक हजार रुपये ही दे रहे हैं.

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