Saurav Singh Ranchi : बच्चियों के साथ रेप करने वाले आरोपियों को अगर सजा नहीं मिलेगी, तो दुष्कर्म की घटनाएं कैसे रुकेगी. दरअसल झारखंड में पॉस्को कांड की जांच तेजी से नहीं हो रही है. नतीजतन झारखंड में पॉक्सो एक्ट के 7911 में से 6620 कांड अनुसंधान के लिए लंबित हैं. झारखंड अपराध अनुसंधान विभाग के रिपोर्ट के मुताबिक, राज्य में साल 2018 से 13 मई 2024 तक पॉस्को एक्ट के तहत 7911 मामले दर्ज हुए हैं. इनमें साल 2018 में 956, 2019 में 1100, 2020 में 1406, 2021 में 1363, 2022 में 1328, 2023 में 1373 और 2024 में 13 मई तक 385 मामले दर्ज हुए हैं. लेकिन अब तक सिर्फ 1,291 मामलों का ही निष्पादन किया गया है. 6620 कांड अभी भी अनुसंधान के लिए लंबित हैं. वरीय अधिकारियों के निर्देश देने के बावजूद कांड के अनुसंधानकर्ता या तो कांडो का निष्पादन नहीं कर रहे हैं या फिर आईआईएफ V फॉर्म नहीं भरा जा रहा है. जिसकी वजह से इतने ज्यादा कांड लंबित हैं.
जाने किस जिले में पॉस्को के कितने कांड हैं लंबित :
- - धनबाद : 680
- - रांची : 562
- - बोकारो : 518
- - गिरिडीह : 473
- - हजारीबाग : 409
- - गढ़वा : 379
- - पलामू : 323
- - जमशेदपुर : 310
- - गोड्डा : 270
- - साहेबगंज : 229
- - गुमला : 281
- - चाईबासा : 276
- - चतरा : 240
- - देवघर : 214
- - लातेहार : 221
- - दुमका : 166
- - रामगढ़ : 149
- - लोहरदगा : 160
- - सरायकेला : 158
- - सिमडेगा : 145
- - पाकुड : 124
- - कोडरमा : 115
- - खूंटी : 113
- - जामताड़ा : 100
- - रेल धनबाद : 05
- - कुल : 6620