alt="" width="780" height="1040" />
बिजली के चलते समय पर सिंचाई नहीं, फसल मुरझाने लगी है
रातू प्रखंड की हुरहुरी पंचायत के कैलाश मुंडा ने 25-30 हजार रुपये लगाकर एक एकड़ में टमाटर, फूलगोभी की खेती की है. लेकिन बिजली की आंखमिचौली के कारण सही समय में सिंचाई नहीं कर पाने के कारण फसल मुरझाने लगी है. ऐसे में 60-70 रुपये लीटर केरोसिन खरीदकर लाते हैं और भिलियस मशीन का उपयोग कर खेतों में पानी पहुंचा रहे हैं. इसे भी पढ़ें – झारखंड">https://lagatar.in/2-3-crore-savings-to-jharkhand-government-social-welfare-department-purchased-weighing-machine-from-jam-portal/">झारखंडसरकार को 2.3 करोड़ की बचत, समाज कल्याण विभाग ने जैम पोर्टल से खरीदी Weighing Machine
होंडा जेनरेटर लगाकर खेतों में सिंचाई को मजबूर
पूरियो पंचायत के होचर पतराटोली के एतवा उरांव ने बताया कि 10-15 हजार रुपये की पूंजी लगाकर लगभग एक एकड़ में खीरा, नेनुवा, करैली, फूलगोभी और मिर्चा की खेती लगायी है. 15 फीट की गहराई वाली कुआं से टुलू मशीन के सहारे सिंचाई करते हैं. वैकल्पिक व्यवस्था के तहत होंडा जेनरेटर मशीन का उपयोग करते हैं, जो बिजली के मुकाबले महंगा पड़ता है.कुआं भी सूखने लगी है, फसल खराब होने का डर
परेहपाट निवासी दीपक उरांव ने बताया कि 60-70 हजार की पूंजी लगाकर लगभग 2 एकड़ में पत्तागोभी, शिमला मिर्च, मिर्चा, गाजर, बीन, टमाटर की खेती लगायी है. भीषण गर्मी से कुआं भी सूखने लगी है. गांव में 50-60 किसान हैं. सभी लोग बिजली पर ही आश्रित हैं. लेकिन बिजली कटौती से परेशान हैं. फसल खराब होने का डर है. इसे भी पढ़ें – बाबूलाल">https://lagatar.in/jharkhand-news-jmm-revealed-mou-with-11-companies-formed-a-few-days-ago-of-momentum-jharkhand/">बाबूलालने लिखा-बिना वेतन काम कर रहे डीजीपी, IPRD ने दिया जवाब- अप्रैल 2022 तक हो चुका है भुगतान [wpse_comments_template]

Leave a Comment