Jamshedpur ( Sunil Pandey) : आदिवासी सेंगेल अभियान की ओर से शुक्रवार को डॉ भीमराव अंबेडकर का 132 वीं जयंती निर्मल गेस्ट हाऊस में मनायी गई. कार्यक्रम में मुख्य अतिथि के रुप में पूर्व सांसद सालखन मुर्मू मौजूद थे. उपस्थित लोगों को संबोधित करते हुए सालखन मुर्मू ने कहा कि डॉ. भीमराव अंबेडकर ने न्याय, समानता, स्वतंत्रता और बंधुत्व के लिए जिस ग्रंथ (भारतीय संविधान) की रचना की. वह अन्य सभी ग्रंथों से सर्वश्रेष्ठ है. उन्होंने दलित, आदिवासी, गरीब एवं वंचितों के लिए संविधान में प्रावधान किया. सालखन मुर्मू ने कहा कि हम सभी आदिवासियों को जनतांत्रिक और संवैधानिक मूल्यों को आत्मसात करते हुए एकजुट होकर आगे बढ़ने की जरूरत है. अन्यथा हमारा अस्तित्व, पहचान, हिस्सेदारी समाप्त हो जाएगी. वर्तमान में आदिवासी गांव-समाज में नशापान, अंधविश्वास, डायन प्रथा, आदिवासी महिला विरोधी मानसिकता, ईर्ष्या द्वेष, वोट की खरीद बिक्री (राजनीतिक कुपोषण) अभी जारी है. जिसे आदिवासी स्वशासन व्यवस्था के नाम पर वंशानुगत नियुक्त माझी-परगना रोकने की जगह बढ़ाने का काम कर रहे हैं. इसे भी पढ़ें : आदित्यपुर">https://lagatar.in/adityapur-two-day-chhau-dance-festival-cum-chadak-puja-organized-in-ichhapur/">आदित्यपुर
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300 प्रखंडों में समाज सुधार का चल रहा अभियान
सालखन मुर्मू ने बताया कि सेंगेल दिशोम परगाना सोनाराम सोरेन के नेतृत्व में भारत के 7 प्रदेशों और 300 प्रखंडों में समाज सुधार का चल रहा है. हंडिया-दारु की सामाजिक मान्यता और उपयोग की जगह निर्मल जल से शादी विवाह, श्राद्ध, छटीयारी, परब त्यौहार, पूजा पाठ प्रारंभ हो चुका है. परंपरा के नाम पर वंशानुगत नियुक्त मांझी-परगना की जगह गांव के सभी लोगों की सहमति से सेंगेल माझी और सेंगेल परगाना नियुक्त किए जा रहे हैं. जो रूढी परंपरा के नाम पर जारी जुर्माना (डंडोम), सामाजिक बहिष्कार (बारोन), डायन खोजने (डायन पनते) आदि को जड़मूल खत्म करने का काम कर रहे हैं. आदिवासी गांव-समाज में इसकी स्वीकृति बढ़ रही है. उन्होंने कहा कि झामुमो और उनके तथाकथित सहयोगी संगठन आसेका, माझी परगना महाल, संताली लेखक संघ आदि को हो रही है. इनको आदिवासी गांव- समाज के सामाजिक, धार्मिक, राजनीतिक सशक्तिकरण से ज्यादा वोट बैंक और अपनी दुकान चलाने की चिंता है. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-1109-teachers-will-be-reinstated-in-government-schools-of-the-district-from-first-to-eighth-grade/">जमशेदपुर: जिले के सरकारी विद्यालयों में पहली से आठवीं कक्षा तक के लिए 1109 शिक्षकों की होगी बहाली
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