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जमशेदपुर : राशि स्वीकृति के बाद भी शुरु नहीं हो पाया बागबेड़ा जलापूर्ति योजना का अधूरा काम

Jamshedpur ( Sunil Pandey) : बागबेड़ा ग्रामीण जलापूर्ति योजना सफेद हाथी साबित हो रही है. विश्व बैंक के सहयोग से आठ वर्ष पूर्व शुरु हुई योजना आज तक पूरी नहीं हो पायी. योजना का अधूरा कार्य पूर्ण करने के लिए विभाग की ओर से 50 करोड़ 58 लाख रुपया स्वीकृत किया गया है. लेकिन अभी तक एजेंसी की ओर से कार्य शुरु नहीं किया गया. योजना के तहत बड़ौदा घाट खरकई नदी में नदी से पाईप के जरीए पानी लाने के लिए के लिए 22 पिलर का निर्माण कराया जाना था. लेकिन अभी तक 14 पिलर ही बन पाया है. दो वर्ष पहले आयी बाढ़ में एक पिलर नदी की तेज धारा में टूटकर गिर गया. तब से उक्त पिलर नही में पड़ा हुआ है. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-car-entered-kadma-police-station-to-save-cattle/">जमशेदपुर

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आंदोलनकारियों ने किया स्थल निरीक्षण

योजना को धरातल पर उतारने के लिए वर्ष 2005 से आंदोलन कर रही बागबेड़ा महानगर विकास समिति के पदाधिकारियों ने रविवार को खरकई नदी का दौरा किया. समिति के अध्यक्ष सुबोध झा ने बताया कि विश्व बैंक के सहयोग से  237 करोड़ की लागत से योजना की शुरूआत हुई. 75 फीसदी काम पूरा हो गया है. लेकिन इसी बीच एजेंसी ने काम बंद कर दिया. लंबे समय तक काम बंद रहने के बाद समिति ने पुनः आंदोलन शुरु किया. इसी बीच अधूरे कार्य पूर्ण कराने के लिए विभाग ने 50 करोड़ 58 लाख रुपये स्वीकृत किए. निविदा निकालकर नई एजेंसी बहाल की गई. लेकिन अभी तक मामला ठंडे बस्ते में पड़ा हुआ है. उन्होंने कहा कि अगर जल्द काम शुरु नहीं होता है तो समिति पुनः आंदोलन करने के लिए बाध्य हो जाएगी. प्रतिनिधिमंडल में रितु सिंह, विनय सिंह, कृष्णा चन्द्र पात्रो समेत अन्य शामिल थे. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-adivasi-sengel-campaign-will-support-jharkhand-bandh-of-19th-salkhan-murmu/">जमशेदपुर

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