- लेटरल एंट्री विज्ञापन पर मोदी सरकार ने लगाई रोक
: सरायकेला-खरसावां जिले में नहीं हुई मोटे अनाज की खेती, कैसे मिलेगा बढ़ावा इस दौरान कैजुअल और कॉन्ट्रैक्ट भर्ती में 91 फीसदी का इजाफा हुआ है. अनुसूचित जाति, अनुसूचित जनजति और अन्य पिछड़ा वर्ग के 2022-23 तक 1.3 लाख पद कम हुए हैं. डॉ. अजय ने कहा कि नरेंद्र मोदी, संघ लोक सेवा आयोग की जगह राष्ट्रीय स्वयं सेवक संघ के जरिए लोकसेवकों की भर्ती कर संविधान पर हमला कर रहे हैं. केंद्र सरकार के विभिन्न मंत्रालयों में महत्वपूर्ण पदों पर लेटरल एंट्री के जरिए भर्ती कर खुलेआम एससी, एसटी और ओबीसी वर्ग का आरक्षण छीने जाने का प्रयास था. उल्लेखनीय है कि यूपीएससी ने 17 अगस्त को एक विज्ञापन जारी करते हुए लेटरल एंट्री से 45 ज्वाइंट सेक्रेटरी, डिप्टी सेक्रेटरी और डायरेक्टर लेवल की भर्तियां निकाली थी. सरकार के इस फैसले पर जमकर सियासी बवाल मचा. कांग्रेस समेत ज्यादातर विपक्षी दलों ने आरोप लगाया कि सरकार आरक्षण पर चोट कर रही है. विपक्ष एवं सहयोगी दलों के विरोध को देखते हुए सरकार द्वारा तत्काल प्रभाव से विज्ञापन रोक लगा दिया है. [wpse_comments_template]
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