क्राइम में डॉन की तरह उभरा था परमजीत गैंग का पंकज दुबे
क्या है सुसाइडल नोट में
मैं अपनी जान देने जा रही हूं. मेरी मौत का कारण साजिद और उसका परिवार के अलावा जुगसलाई का रहने वाला छोटू और रियाज भी होगा. साजिद से मैं प्रेम करती थी, लेकिन उसने अपने दोस्तों के साथ भी यौन शोषण करवाया. अब मैं किसी को मुंह दिखाने के लायक नहीं रह गयी हूं. जान देने के अलावा अब मेरे पास कोई और दूसरा चारा नहीं है.घर से जेवर चुराने को किया मजबूर
युवती ने सुसाइडल नोट में लिखा है कि साजिद ने उसे घर से जेवर चुराने को मजबूर कर दिया. इसके बाद उसने करीब ढाई लाख के जेवर भी चुराये और उसे लाकर दिया. बार-बार साजिद जेवर और रुपये लेकर आने को बोलता है. वह ऐसा नहीं कर सकती है. युवती ने सुसाइडल नोट में तीनों युवकों का नाम और मोबाइल नंबर भी लिखकर घर से निकली है. उसके बाद से ही उसका मोबाइल भी स्वीच ऑफ बता रहा है.वीमेंस कॉलेज की है छात्रा
युवती वीमेंस कॉलेज की छात्रा है और उसकी उम्र 18 साल है. युवती के परिवार के लोगों का कहना है कि तीन साल पहले भी साजिद गुमराह करके बेटी को भगाकर ले गया था. तब उसे बरामद कर लिया गया था. लोक-लाज के मारे इस बात को वे लोग भुल गये थे. तब भी बेटी ढाई लाख का जेवर लेकर भागी थी और साजिद को ले जाकर दिया था.आरोपियों ने परिजनों के साथ की बदसलूकी
मामला थाने तक पहुंचते ही जुगसलाई पुलिस सबसे पहले आरोपियों के घर पर गयी. यहां पर आरोपियों ने युवती के परिवार के लोगों के साथ गाली-ग्लौज की और धमकी भी दी. पुलिस पूरे मामले की जांच कर रही है. युवती का मोबाइल स्वीच ऑफ होने के कारण परिवार के लोग काफी परेशान हैं. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर:">https://lagatar.in/jamshedpur-in-2000s-joga-rao-dudhai-yadav-and-bhim-mahli-were-in-discussion-the-police-did-not-recognize/">जमशेदपुर:2000 के दशक में जोगा राव, दुधई यादव और भीम माहली था चर्चा में, पहचानती नहीं थी पुलिस [wpse_comments_template]

Leave a Comment