Jamshedpur (Dharmendra Kumar) : उपायुक्त विजया जाधव के निर्देश पर जमशेदपुर प्रखंड के डेमकाडीह बस्ती की रहने वाली चार सबर बच्चियों का नामांकन कस्तुरबा गांधी बालिका आवासिय विद्यालय (केजीबीवी) में कराया गया है. दरअसल, एक मासिक पत्रिका में अनाथ मोगली सबर के विषय में छपी खबर का संज्ञान लेते हुए उपायुक्त विजया जाधव ने जिला शिक्षा अधीक्षक को तत्काल बच्चियों से संपर्क स्थापित कर केजीबीवी में नामांकन कराने का आदेश दिया था. इसी क्रम में जिला शिक्षा अधीक्षक ने डेमकाडीह बस्ती में सबर बच्चियों के परिवार से संपर्क कर उनका नामांकन कराया.
इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-inter-school-horizon-2022-organized-at-gulmohar-high-school-children-gave-a-colorful-presentation/">जमशेदपुर
: गुलमोहर हाई स्कूल में इंटर स्कूल होराइजन 2022 आयोजित, बच्चों ने दी रंगारंग प्रस्तुति [caption id="attachment_400745" align="aligncenter" width="600"]

https://lagatar.in/wp-content/uploads/2022/08/jsr-kgvb-1.jpeg"
alt="" width="600" height="400" /> केजीबीवी में बच्चियों को पुस्तक एवं अन्य सामग्री उपलब्ध कराती शिक्षका[/caption]
बच्चों के चहरे पर खिली मुस्कान
अब मोगली सबर के साथ ही सुमित्रा सबर, मुस्कान सबर और पूजा सबर भी केजीबीवी में शिक्षा ग्रहण कर सकेंगी. मुस्कान सबर, पूजा सबर कस्तूरबा की ड्रॉप आउट हैं. इसलिए उनका नामांकन सिमुलडांगा उच्च विद्यालय में नामांकन कराया गया. ताकि लर्निंग लेवल क्लास करने के बाद केजीबीवी में पुनः नामांकन कराया जा सके. सुमित्रा और मोगली सबर केजीबीवी में पढ़ेंगी. पूजा सबर और सुमित्रा सबर बहनें है. उल्लेखनीय है कि मुस्कान, पूजा और सुमित्रा तीनों के पिता नहीं है. इनकी माता ही भरण पोषण करती है. जो स्कूल में पढ़ाने में समर्थ नहीं होने के कारण बच्चों को स्कूल नहीं भेजती थीं.
इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर:">https://lagatar.in/jamshedpur-police-team-caught-5-robbers-in-half-an-hour-of-robbery-in-liquor-shop/">जमशेदपुर:
शराब दुकान में लूट के आधे घंटे में पुलिस टीम ने 5 लूटेरों को दबोचा शिक्षा सभी का मौलिक अधिकार : उपायुक्त
इस अवसर पर उपायुक्त विजया जाधव ने चारों बच्चों के स्कूल में नामांकन होने पर खुशी जताते हुए कहा कि हमारे संविधान ने सभी को शिक्षा का मौलिक अधिकार दिया है. ऐसे में कोई भी बच्चा शिक्षा से वंचित न रहे जिला प्रशासन का यह सतत प्रयास है. उन्होंने बताया कि चारों बच्चे आदिम जनजाति सबर से ताल्लुक रखते हैं. जिनको सरकार की कल्याणकारी योजनाओं से जोड़ने एवं उनका समग्र विकास की दिशा में जिला प्रशासन द्वारा प्रयास किये जा रहे हैं. हमारा प्रयास है कि सुदूर दुर्गम क्षेत्रों में निवास करने वाले इन सबर परिवारों को मौलिक सुविधाओं का लाभ मिले और वे मुख्यधारा से जुड़ें. [wpse_comments_template]
Leave a Comment