Jamshedpur (Sunil Pandey) : प्रधानमंत्री मत्स्य संपदा योजना के तहत मछुआरों के लिए सामूहिक दुर्घटना बीमा योजना की शुरुआत की गई है. मत्स्य कारोबार से जुड़ा 18 से 70 वर्ष का कोई भी व्यक्ति इस योजना का लाभार्थी हो सकता है. इसके लिए उसे विभाग में आवेदन करना होगा. आवेदन के बाद लाभुक के प्रीमियम का भुगतान केंद्र एवं राज्य सरकार मिलकर करेगी. इसमें केंद्र सरकार का अंशदान 60 प्रतिशत एवं राज्य सरकार का 40 प्रतिशत होगा. जिला मत्स्य पदाधिकारी अल्का पन्ना ने बताया कि इस योजना के लाभार्थी को किसी प्रकार का प्रीमियम का भुगतान नहीं करना है. बीमित व्यक्ति की मृत्यु होने पर अथवा स्थायी रूप से अपंगता की स्थिति में उसे पांच लाख रुपये का भुगतान बीमा कंपनी द्वारा किया जाएगा. वहीं आंशिक अपंगता की स्थिति में ढाई लाख रुपये एवं अस्पताल खर्च के तौर पर 25 हजार रुपये का भुगतान किया जाएगा. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-fishes-dead-due-to-excess-of-ammonia-in-jubilee-park-pond-four-member-investigation-team-submitted-report/">जमशेदपुर
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इन स्थितियों में मिलेगा दुर्घटना बीमा का लाभ
समुद्र, सड़क, रेल दुर्घटना, डूबना अथवा डूबकर लापता होना, आग, जहरीले पदार्थ के कारण हुई दुर्घटना, बज्रपात अथवा इलेक्ट्रिक शॉक, मशीनरी कार्य करते वक्त हुई दुर्घटना, हत्या किए जाने, ऊंचाई से गिरकर हुई मौत अथवा दुर्घटना होने पर, सांप, बिच्छू अथवा जानवरों के काटने अथवा अथवा जानवर के काटने के पश्चात मृत्यू होना अथवा अंग की हानि होना तथा दुर्घटना में मृत्यू होना शामिल हैं. जबकि आत्महत्या अथव आत्यहत्य का प्रयास, स्वयं के द्वारा लगाई गई चोट, पहले से मौजूद शारीरिक अथवा मानसिक दोष. मादक द्रव्य या नशीले पदार्थ के प्रभाव से हुई मौत, बीमित व्यक्ति द्वारा आपराधिक इरादे से कानून का उल्लंघन किए जाने, नामित लाभार्थी द्वारा बीमित व्यक्ति की हत्या किए जाने अथवा प्राकृतिकर मौत होने पर दुर्घटना बीमा का लाभ नहीं मिलेगा. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-waterlogging-became-a-problem-a-young-man-fell-into-a-drain-along-with-his-scooty-people-saved/">जमशेदपुर: जलजमाव बनी मुसीबत, स्कूटी समेत नाले में गिरा युवक, लोगों ने बचाया
90 दिन के भीतर कर सकते हैं क्लेम
पीएमएमएसवाई योजना के तहत सामूहिक दुर्घटना बीमा के लाभार्थी की मृत्यू अथवा दुर्घटना होने की स्थिति में आश्रित की ओर से 90 दिनों के भीतर बीमा कंपनी को सूचित किया जाना है. जबकि 180 दिनों के भीतर दावा से जुड़ा दस्तावेज बीमा कंपनी को भेज देना है. बीमा सेल की ओर से तीन कार्यदिवस के अंदर इसकी सूचना बीमा कंपनी को दी जाएगी. इससे पहले जिला मतस्य पदाधिकारी प्राप्त दावे की सूचना बीमा सेल को सात कार्य दिवस के अंदर भेज देंगे. इसी तरह जिला मतस्य पदाधिकारी अभिलेखों का सत्यापन के बाद सात दिनों के भीतर अपने मंतव्य के साथ बीमा सेल को मूल अभिलेख के साथ सूचित करेंगे. जिसे एमआईएस के माध्यम से अपलोड किया जा सकता है. अपलोड होने के 15 दिनों के भीतर बीमा कंपनी बीमा देवा का निपटारा करेगी. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-attempted-kidnapping-of-girl-child-in-telco-dogs-saved/">जमशेदपुर: टेल्को में बच्ची के अपहरण का प्रयास, कुत्तों ने बचाया
बीमा दावे के दौरान इन कागजातों की पड़ेगी जरूरत
मछुआरा दुर्घटना बीमा योजना के तहत लाभार्थी की मृत्यू अथवा स्थायी अपंगता की स्थिति में बीमा राशि का लाभ प्राप्त करने के लिए बीमित व्यत्ति अथवा दावेदार के द्वारा विहित प्रपत्र में आवेदन करना होगा. आवेदन के साथ एफआईआर की कॉपी, पंचनामा की कॉपी, पोस्टमार्टम रिपोर्ट (सभी अभिप्रमाणित), जिला मतस्य पदाधिकारी अथवा विभाग की सिफारिश पत्र, मृत्यू प्रमाण पत्र, पारिवारिक सदस्यता प्रमाण पत्र, चिकित्सा रिपोर्ट, बैंक खाता, डूबने के मामले में दो गवाहों का विवरण के अलावे फोरेंसिंक साइंस लेबोरेट्री की रिपोर्ट, सड़क दुर्घटना की स्थिति में ड्राइविंग लाइसेंस, पुलिस की चार्जशीट, आधार कार्ड, वोटर कार्ड, राशन कार्ड की छायाप्रति, मछली पालन का लाइसेंस, शपथ पत्र आदि शामिल है. इसे भी पढ़ें : पत्रकार">https://lagatar.in/high-court-cancels-case-against-journalist-ramgarh-journalists-rejoice/">पत्रकारपर मुकदमे को हाइकोर्ट ने किया रद्द, रामगढ़ के पत्रकारों में हर्ष [wpse_comments_template]
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