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जनवरी 2021 को हुई थी शगुफ्ता यासमीन की शादी
शगुफ्ता यासमीन ने बताया कि उसकी शादी पांच जनवरी 2021 को मो. निसार के साथ हुई थी. शादी के एक माह बाद तक सबकुछ ठीक-ठाक रहा. इसके बाद पति और उसकी बहन ने दहेज के लिये मारपीट करना शुरू कर दिया. इस बीच शारीरिक और मानसिक रूप से भी प्रताड़ित किया जाने लगा. मारपीट करना आम बात हो गया.खाना देना भी बंद किया
शगुफ्ता पर प्रताड़ना इतना बढ़ गया है कि ससुरालवालों ने उसे खाना देना भी बंद कर दिया. बार-बार कहा जाने लगा कि मायकेवालों से रुपये मांगकर लाओ नहीं तो घर में रहने नहीं देंगे. 2 अगस्त को शगुप्ता को ससुरालवालों ने मारपीट कर और धक्का देकर घर से बाहर निकाल दिया.दहेज में दिया था 2.25 लाख रुपये
शगुफ्ता का कहना है कि शादी के समय परिवार के लोगों ने नकद एक लाख रुपये और 1.25 लाख रुपये मूल्य का सामान ससुरालवालों को दहेज में दिया था. दहेज मांगने और मारपीट करने का आरोप शगुफ्ता ने अपने पति मो. निसार के अलावा उसकी बहन तबस्सुम बेगम पर भी लगाया है. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर:">https://lagatar.in/jamshedpur-manish-was-released-on-bail-five-days-before-tinkus-murder/">जमशेदपुर:टिंकू की हत्या के पांच दिन पहले ही जमानत पर छूटा था मनीष [wpse_comments_template]

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