Jamshedpur (Anand Mishra) : लोकसभा चुनाव-2024 में जमशेदपुर संसदीय सीट पर जीत की हैट्रिक लगा कर भाजपा प्रत्याशी विद्युत वरण महतो ने इतिहास रच दिया है. श्री महतो ने अपने निकटम प्रत्याशी झामुमो के समीर कुमार मोहंती को 2 लाख 59 हजार 782 मतों से परास्त किया. विद्युत महतो को 7 लाख 26 हजार 174 मत मिले हैं, जबकि समीर मोहंती को 4 लाख 66 हजार 392 मतों से ही संतोष करना पड़ा है. जमशेदपुर संसदीय सीट पर विद्युत वरण महतो ने अपने निकटतम प्रत्याशी समीर मोहंती के खिलाफ शुरू से ही बढ़त बनाये रखा. यहां 12 लाख 77 हजार 629 मतदाताओं ने अपने मताधिकार का प्रयोग किया. इसमें विद्युत महतो को 56.84 प्रतिशत और समीर कुमार मोहंती को 36.5 प्रतिशत मिले हैं. मतगणना के दौरान पहले ही राउंड से समीर कुमार मोहंती के मुकाबले विद्युत महतो आगे रहे. प्रत्येक राउंड में विद्युत वरण महतो के मतों की संख्या बढ़ती ही गयी. ज्यों-ज्यों मतों का अंतर बढ़ता गया, भाजपाइयों में उत्साह बढ़ता गया, जो बाद में जश्न में बदल गया. वहीं दिन चढ़ने के साथ ही झामुमो खेमे में मायूसी बढ़ती गयी. इसे भी पढ़ें : तीसरी">https://lagatar.in/for-the-third-time-modi-government-got-the-mandate-of-the-people-of-the-country-babulal-marandi/">तीसरी
बार मोदी सरकार को मिला देश की जनता का जनादेश : बाबूलाल मरांडी
: 33 साल के बाद सिंहभूम में झारखंड मुक्ति मोर्चा की वापसी
की जीत और सीता के हार पर झामुमो कार्यालय में मना जश्न, बंटे लड्डू
से संसद में दिखेंगे छह नए चेहरे
विजयी प्रत्याशियों को बधाई व हर एक वोटर को धन्यवादः चंपाई [wpse_comments_template]
बार मोदी सरकार को मिला देश की जनता का जनादेश : बाबूलाल मरांडी
जमशेदपुर में जीत के हैट्रिक लगानेवाले पहले सांसद विद्युत महतो
जमशेदपुर संसदीय सीट पर जीत की हैट्रिक लगा कर भाजपा प्रत्याशी विद्युत वरण महतो ने इतिहास रच दिया है. इस सीट का यह इतिहास रहा है कि यहां कोई भी लगातार तीन बार सांसद नहीं रहे हैं. हां, लगातार दो बार जीत दर्ज कराने वाले कुछ सांसद रहे हैं. वे तीसरी बार भी सांसद बने हैं, लेकिन अब तक किसी ने लगातार तीसरी बार यानी जीत की हैट्रक नहीं लगायी थी. इसे भी पढ़ें : चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-jharkhand-mukti-morcha-returns-to-singhbhum-after-33-years/">चाईबासा: 33 साल के बाद सिंहभूम में झारखंड मुक्ति मोर्चा की वापसी
जमशेदपुर संसदीय सीट : कब कौन चुने गये सांसद
1957 में इंडियन नेशलल कांग्रेस के मोहिंद्र कुमार घोष, 1962 में कम्यूनिस्ट पार्टी ऑफ इंडिया के उदयकर मिश्रा, 1967 में इंडियन नेशनल कांग्रेस के एससी प्रसाद व 1971 में सरदार स्वर्ण सिंह सोखी, 1977 व 1980 में जनता पार्टी के रुद्र प्रताप षाड़ंगी, 1984 में इंडिय नेशनल कांग्रेस के गोपेश्वर, 1989 व 1991 में झामुमो के शैलेंद्र महतो, 1996 में भाजपा के नीतीश कुमार, 1998 व 1999 में भाजपा की आभा महतो, 2004 में झामुमो के सुनील महतो, 2007 उप चुनाव में सुमन महतो, 2009 में भाजपा के अर्जुन मुंडा, 2011 उप चुनाव में झाविमो के डॉ अजय कुमार, 2014 व 2019 में भाजपा के विद्युत वरण महतो. इसके बाद इस बार 2024 के लोकसभा चुनाव में पुनः व लगातार भाजपा के विद्युत वरण महतो. इसे भी पढ़ें : कल्पना">https://lagatar.in/celebration-in-jmm-office-on-kalpanas-victory-and-sitas-defeat-laddus-distributed/">कल्पनाकी जीत और सीता के हार पर झामुमो कार्यालय में मना जश्न, बंटे लड्डू
झारखंड आंदोलन की उपज हैं विद्युत महतो, छोड़ दी थी पढ़ाई
जमशेदपुर लोकसभा सीट से लगातार तीसरी बार सांसद बने विद्युत वरण महतो झारखंड आंदोलन की उपज हैं. उनका राजनैतक सफर आसान नहीं रहा है. कॉलेज के दिनों में ही विद्युत वरण महतो का झुकाव सियासत की ओर हुआ. उन दिनों अलग झारखंड राज्य के लिए आंदोलन चरम पर था. उसी दौरान विद्युत वरण वरण महतो झामुमो के कद्दावर नेता निर्मल महतो के संपर्क में आये और झारखंड आंदोलन से जुड़ गये. 15 फरवरी 1962 को सरायकेला-खरसावां जिले के आदित्यपुर स्थित कृष्णापुर गांव में जन्मे विद्युत वरण महतो ने 12वीं कक्षा तक की शिक्षा टाटा कॉलेज चाईबासा से प्रप्त की. उसके बाद उन्होंने बीएससी में दाखिला लिया, लेकिन परीक्षा नहीं दी और झारखंड आंदोलन में कूद पड़े. 15 नवंबर 2000 को अगल राज्य बनने के बाद विद्युत वरण महतो ने चुनावी राजनीति का रूख किया. उन्होंने वर्ष 2000 में पहला विधानसभा चुनाव झामुमो के टिकट पर बहरागोड़ा विधानसभा सीट से लड़ी. लेकिन बीजेपी के दिनेश षाड़ंगी से हार गये. वर्ष 2005 में दोबारा झामुमो के टिकट पर फिर बहरागोड़ा विधानसभा सीट पर पुःन भाजपा के दिनेश षाड़ंगी से हार मिली. उसके बाद वर्ष 2009 में दिनेश षाड़ंगी को हराकर वह पहली बार बहरागोड़ा से विधायक बने. इसके बाद वर्ष लोकसभा चुनाव-2014 से ठीक पहले विद्युत महतो झामुमो छोड़कर भाजपा में शामिल हो गये. विधायकी से इस्तीफा देकर भाजपा के टिकट पर जमशेदपुर सीट से पहली बार लोकसभा चुनाव उन्होंने लड़ा. इस बार उन्होंने झाविमो प्रत्याशी डॉ अजय कुमार को पराजित कर जीत हासिल की. उसके बाद लोकसभा चुनाव 2019 में झामुमो प्रत्याशी (मौजूदा मुख्यमंत्री चंपाई सोरेन) को रिकॉर्ड मतों से परास्त कर पुःन जीत दर्ज करायी. इस बार फिर जमशेदपुर सीट पर जीत की तिकड़ी लगा कर उन्होंने लगातार तीसरी बार सांसद बनने का इतिहास रच दिया है, जो अब तक नहीं हुआ था. इसे भी पढ़ें : झारखंड">https://lagatar.in/six-new-faces-will-be-seen-in-parliament-from-jharkhand/">झारखंडसे संसद में दिखेंगे छह नए चेहरे
भाजपा खेमे में सुबह से ही उत्साह
प्रत्येक राउंड में मतों का अंतर बढ़ता बढ़ने के साथ सुबह से ही मतगणना केंद्र के बाहर भाजपा समेत एनडीए नेताओं व कार्यकर्ताओं में उत्साह बढ़ता गया. उन्होंने प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी का कटआउट लेकर अपनी भावनाएं व्यक्त की. साथ ही नरेंद्र मोदी व भाजपा जिंदाबाद के नारे लगाते नजर आये. इस दौरान शरीर में भाजपा के झंडे आदि का पेंट किये कार्यकर्ता भी आकर्षण का केंद्र रहे. इसे भी पढ़ें : सभी">https://lagatar.in/congratulations-to-all-the-winning-candidates-and-thanks-to-every-voter-champai/">सभीविजयी प्रत्याशियों को बधाई व हर एक वोटर को धन्यवादः चंपाई [wpse_comments_template]
Leave a Comment