Jamshedpur (Vishwajeet Bhatt) : अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद के प्रदेश उपाध्यक्ष दिनेश्वर सिंह एवं प्रदेश महासचिव सुशील कुमार सिंह को उनके प्रदेश दायित्व से, संगठन की केंद्रीय कार्यकारिणी ने गुरुवार को पदमुक्त कर दिया. इनपर आरोप था कि विगत कई महीनों से दोनों पदाधिकारियों का अपेक्षित सहयोग प्रदेश नेतृत्व को नहीं मिल रहा था. इधर, पदमुक्त किए जाने पर पूर्व सैनिक सेवा परिषद के सुशील सिंह ने कहा है कि विगत 14 वर्षों से अखिल भारतीय पूर्व सैनिक सेवा परिषद के सदस्य से लेकर प्रदेश महासचिव की भूमिका में सबसे सक्रिय रहा. इसके बावजूद कुछ पद लोभी और केवल कागज पर काम करने वाले सदस्यों की वजह से केंद्रीय समिति गुमराह हो गई. इसे भी पढ़ें : चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-nandlal-rungta-became-the-chief-patron-of-the-newly-formed-committee-of-pillai-hall-durga-puja/">चाईबासा
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पदमुक्त करने का फैसला दुर्भाग्यपूर्ण : सुशील सिंह
उन्होंने कहा ने कहा कि वे झारखंड से सबसे ज्यादा राष्ट्रीय बैठकों में शामिल हुए और पूरे राज्य के हर जिले में सैनिकों के कार्यक्रमों में शामिल होकर संगठन हित में काम किया. सैनिकों की समस्याओं के समाधान में यथासंभव सहयोग किया. 20 घंटे संगठन के लिए सेवा दी एवं वीर नारियों, शहीद परिवार व सैनिक विधवाओं का निरंतर ख्याल रखा. सेना, प्रशासन, सामाजिक संगठनों एवं मीडिया के साथ तालमेल बनाए रखा. सैनिकों के सम्मान की लड़ाई लड़ी. इसके बावजूद मुझे पदमुक्त करने का फैसला दुर्भाग्यपूर्ण है. इस फैसले के खिलाफ पूर्वी सिंहभूम के सैनिक सदस्यों में आक्रोश साफ देखा जा सकता है. इसे भी पढ़ें : रांची">https://lagatar.in/ranchi-students-of-biome-institute-waved-the-flag/">रांची: बायोम इंस्टीट्यूट के विद्यार्थियों ने लहराया परचम, यूजी नीट 2022 में बेहतर प्रदर्शन
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