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रिजोल्यूशन प्रोफेशनल की अनुमति की जरूरत नहीं
श्री राय ने कहा कि केबुल कंपनी क्षेत्र में बिजली आपूर्ति के लिए आर पी की सहमति जरूरी नहीं है. उन्होंने केबुल कंपनी मामले में मजदूरों के अधिवक्ता अखिलेश श्रीवास्तव से अनुरोध किया है कि वे आगामी 10 फरवरी को एनसीएलटी कोर्ट में बहस के दौरान यह विषय रखें. श्री अखिलेश श्रीवास्तव ने मुझसे कहा है कि आर पी को घर घर बिजली देने पर सहमति नहीं देने का अधिकार नहीं है. जब इन घरों में रहने वाले मजदूर कोर्ट में अपना अधिकार पाने की लड़ाई लड़ रहे हैं तब उन्हें अपने घरों में बिजली लेने से नहीं रोका जा सकता. वैसे भी वे एक प्वाइंट से घरों में कंपनी की बिजली पहले से ले रहे हैं. तब वहीं बिजली अपने अपने घरों में अलग अलग मीटर से लेने से उन्हें कैसे रोका जा सकता है. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-felicitation-ceremony-for-retired-personnel-organized-in-tata-workers-union/">जमशेदपुर: टाटा वर्कर्स यूनियन में सेवानिवृत्त कर्मियों के लिए सम्मान समारोह आयोजित [wpse_comments_template]

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