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जामताड़ा : कुर्मी जाति संवैधानिक अधिकारों से वंचित- सांसद

 
Jamtara : जामताड़ा (Jamtara)- जेडीयू के नव निर्वाचित राज्यसभा सांसद खीरू महतो ने आमलाचातर गांव में 13 जून को कहा कि कुर्मी जाति संवैधानिक अधिकारों से वंचित हैं. वे जामताड़ा से दुमका जाने के क्रम में कुछ समय के लिए इस गांव में रुके. गांव के प्रधान जर्मन महतो, निरंजन महतो, दीपक महतो समेत अन्य लोगों ने सांसद को भव्य स्वागत किया. कुर्मी विकास मोर्चा के केंद्रीय उपाध्यक्ष अशोक कुमार महतो व जामताड़ा जिला प्रभारी अष्टम महतो ने कुर्मी जाति को अनुसूचित जनजाति का दर्जा दिए जाने के लिए सांसद से राज्यसभा में उठाने की मांग की. दोनों ने सांसद से कहा कि कुर्मी जाति विगत 70 वर्षों से सवैधानिक अधिकारों की लड़ाई लड़ रही है. कुर्मी जाति की इस लड़ाई को केंद्र सरकार के समक्ष रखें. दोनों की बातें सुनने के बाद सांसद ने आश्वासन दिया कि कुर्मी जाति को अनुसूचित जनजाति का दर्जा दिलाने की वे भरपूर कोशिश करेंगे. मौके पर दीपक महतो, अतिका चंद्र महतो, सुनीता देवी, संजू देवी, नंदिता देवी, दुलाल, सुनील महतो, मंगल बहादुर सिंह समेत अन्य ग्रामीण उपस्थित थे. परिसदन में जेडीयू कार्यकर्ताओं से की मुलाकात आमलाचातर गांव से रवाना होने के बाद सांसद जामताड़ा परिसदन पहुंचे और जेडीयू कार्यकर्ताओं से मुलाकात की. कार्यकर्ताओं से उन्होंने सांगठनिक मजबूती पर चर्चा की.  कार्यकर्ताओं से मुलाकात के बाद पत्रकारों से उन्होंने कहा कि बिहार के तर्ज पर झारखंड में भी जातीय जनगणना होनी चाहिए. 1932 की खतियान लागू करने के सवाल पर उन्होंने कहा कि राज्य सरकार को इसे लागू करने से किसने रोका है? हेमंत सरकार स्थानीय नीति नहीं बना सकी. वन अधिकार अधिनियम 2006 भी अभी तक लागू नहीं हुआ. विगत दिनों रांची में हुए उपद्रव के बारे में कहा कि यह सरकार की लापरवाही दर्शाता है. मुलाकात करने वालों में पार्टी के प्रदेश महासचिव सह प्रधान प्रवक्ता श्रवण कुमार, आरके मंडल, जिला अध्यक्ष डोमन राय, पिंटु सिंह, राजू महतो, अनिल कुमार सिंह, सुनिल राय, आशा शर्मा समेत अन्य शामिल थे. यह">https://lagatar.in/wp-admin/post.php?post=330511&action=edit">यह

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