Ranchi: झारखंड प्रशासनिक सेवा (JAS) के अधिकारियों का प्रतिनिधित्व करने वाले संगठन झारखंड एडमिनिस्ट्रेटिव सर्विस एसोसिएशन (JASA) ने मंगलवार को मुख्य सचिव अविनाश कुमार और पुलिस महानिदेशक (DGP) तदाशा मिश्रा से मुलाकात कर बुढ़मू अंचल अधिकारी (सीओ) की गिरफ्तारी के मामले में अपना पक्ष रखा. JASA राज्य के झारखंड प्रशासनिक सेवा (JAS) अधिकारियों का संगठन है, जो सेवा संबंधी मुद्दों और अधिकारियों के हितों से जुड़े मामलों को सरकार के समक्ष उठाता है.
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प्रतिनिधिमंडल ने दोनों वरिष्ठ अधिकारियों को बुढ़मू सीओ की गिरफ्तारी से जुड़े पूरे घटनाक्रम की जानकारी दी और संगठन की मांगों से अवगत कराया. मुख्य सचिव ने कहा कि उन्हें मामले की जानकारी है और उनकी राय में गिरफ्तारी उचित तरीके से नहीं हुई है. उन्होंने इस मामले में आवश्यक कार्रवाई का भरोसा दिया.
वहीं, पुलिस महानिदेशक तदाशा मिश्रा ने प्रतिनिधिमंडल को बताया कि भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो (ACB) निगरानी विभाग के अधीन कार्य करता है, इसलिए उसकी कार्यशैली पर उनका प्रत्यक्ष नियंत्रण नहीं है. हालांकि, उन्हें थाना स्तर पर प्रशासनिक अधिकारियों के खिलाफ बिना विभागीय अनुमति प्राथमिकी दर्ज किए जाने के कई मामलों की जानकारी दी गई.
डीजीपी ने कहा कि थाना स्तर पर किसी प्रशासनिक पदाधिकारी के खिलाफ विभागीय अनुमति के बिना प्राथमिकी दर्ज नहीं होनी चाहिए. उन्होंने इस संबंध में आवश्यक कार्रवाई करने का आश्वासन भी दिया.
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