क्या है पूरा मामला
वर्ष 2013 और 2016 में झारखंड प्रारंभिक विद्यालय शिक्षक नियुक्ति नियमावली 2012 के आलोक में झारखंड शिक्षक पात्रता परीक्षा ली गई थी. लेकिन विगत 7 वर्षों में एक भी नियुक्ति प्रक्रिया में उन्हें शामिल होने का अवसर नहीं मिला है. विशेष कर 2016 में जेटेट सफल अभ्यर्थियों को नियुक्ति में शामिल होने का मौका नहीं दिया गया है. अब सरकार नियम बदलते हुए सहायक आचार्य नियुक्ति नियमावली के तहत नियुक्त करने की तैयारी कर रही है, जिसका अभ्यर्थी विरोध कर रहे हैं. इसे भी पढ़ें – बिजली">https://lagatar.in/the-only-lamp-in-the-house-got-extinguished-due-to-the-negligence-of-the-electricity-department/">बिजलीविभाग की लापरवाही से बुझ गया घर का इकलौता चिराग [wpse_comments_template]

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