Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

इटकी टीबी सैनिटोरियम अधीक्षक की गाड़ी का इस्तेमाल कर रहे थे डिप्टी डायरेक्टर, हो गयी चोरी

Advertisement
Advertisement
Ranchi : इटकी टीबी सैनिटोरियम की गाड़ी (JH-01BD-9681) चोरी हो गई है. गाड़ी इटकी स्थित टीबी सेनेटोरियम के अधीक्षक के नाम से निबंधित है. लेकिन उसका इस्तेमाल  डॉ रंजीत प्रसाद  कर रहे थे. डॉ रंजीत प्रसाद राज्य यक्षमा (टीबी) पदाधिकारी सह विभाग के डिप्टी डाईरेक्टर हैं. जिनका घर अरगोड़ा थाना क्षेत्र स्थित कडरू में है. इसे भी पढ़ें - अमेरिकी">https://lagatar.in/us-secretary-of-state-makes-jaishankar-and-rajnath-uncomfortable-says-america-is-keeping-an-eye-on-indias-human-rights-record/">अमेरिकी

विदेश मंत्री ने जयशंकर और राजनाथ को असहज किया! कहा, अमेरिका की भारत के मानवाधिकार रिकॉर्ड पर नजर है

गाड़ी की चोरी डॉ रंजीत के घर से हुई है

बताया जा रहा है कि गाड़ी की चोरी डॉ रंजीत के घर से हुई है. चोरी का यह मामला विभाग में चर्चा का विषय बना हुआ है. इस बीच 8 अप्रैल को स्वास्थ्य विभाग के निदेशक प्रमुख डॉ मार्शल आईन्द ने डॉ रंजीत प्रसाद को एक पत्र लिखा है. पत्र में एक चौंकाने वाला तथ्य है. वह यह कि सरकारी वाहन का लॉग बुक गायब है. डॉ रंजीत ने विभाग को सूचना दी है कि लॉग बुक गाड़ी में ही थी, वह भी  गाड़ी के साथ चोरी हो गया. लेकिन डॉ रंजीत ने गाड़ी की चोरी को लेकर जो प्राथमिकी दर्ज करायी है, उसमें कहीं भी इस बात का जिक्र नहीं है कि गाड़ी में रखा कोई सरकारी दस्तावेज भी चोरी हुआ है. इसे भी पढ़ें - क्रिप्टो">https://lagatar.in/crypto-market-cap-fell-5-point-03-percent-solana-slipped-8-point-36-percent-terra-lost-27-point-75-percent-in-7-days/">क्रिप्टो

मार्केट कैप में 5.03 फीसदी की गिरावट, Solana 8.36 फीसदी फिसला, 7 दिनों में Terra 27.75 फीसदी टूटा

मांगा गया है स्पष्टीकरण

इस मामले में डॉ रंजीत प्रसाद से स्पष्टीकरण मांगते हुए निदेशक प्रमुख ने उनसे सवाल-जवाब किया है. सवाल पूछा गया कि जब वाहन इटकी अस्पताल के अधीक्षक के लिये है, तो इसका इस्तेमाल उनके द्वारा किस हैसियत से की जा रही थी. क्या इसके लिये कोई सरकारी आदेश या पत्र जारी हुआ था. इसे भी पढ़ें - किरीबुरु">https://lagatar.in/kiriburu-two-electric-poles-fitted-with-cable-wires-fell-due-to-wind-blowing-in-sonpi-village/">किरीबुरु

: सोनापी गांव में हवा चलने के बाद केबल तार से लगे दो बिजली के खंभे गिरे

नेशनल टीबी कार्यक्रम के लिए खरीदा गया था गाड़ी

डॉ रंजीत प्रसाद से बात करने पर उन्होंने बताया कि यह गाड़ी नेशनल टीबी कार्यक्रम के लिए खरीदा गया था. गाड़ी की स्थिति अच्छी नहीं थी. ड्राइवर भी एक ही था. ट्रांसफर के बाद टीबी विभाग का जिम्मा मिला और गाड़ी भी मिल गई. इसे भी पढ़ें - देवघर">https://lagatar.in/jharkhand-news-deoghar-rope-way-rescue-operation-now-only-one-trolley-is-left-with-four-people-10-people-have-been-rescued-since-morning/">देवघर

रोप-वे रेस्क्यू ऑपरेशन : अब सिर्फ एक ट्रॉली में रह गए हैं चार लोग, सुबह से 10 लोगों को बचाया गया [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही