Ranchi : नागपुर में आयोजित
108वीं इंडियन साइंस कांग्रेस का समापन हो
गया. इसमें झारखंड के 31 वैज्ञानिकों ने हिस्सा
लिया. जिसमें कोल्हान से 10, रांची से 8, हजारीबाग से 5, देवघर से एक, हजारीबाग से 5 व धनबाद से 2 वैज्ञानिकों ने हिस्सा
लिया. देवघर कॉलेज के पूर्व प्राचार्य डॉ एमजी तिवारी ने आमंत्रित व्याख्यान
दिया. उन्होंने मणिपुर में अवस्थित
लोकतक झील के पर्यावरणीय विशेषता और संरक्षण पर प्रकाश
डाला. वहीं कार्तिक उरांव कॉलेज गुमला के वनस्पति विज्ञान के विभागाध्यक्ष डॉ प्रसन्नजीत मुखर्जी ने पर्यावरण विज्ञान सेक्शन में अपना शोध पत्र प्रस्तुत
किया. उनके शोध पत्र का विषय था- डेवलपमेंट एंड एनवायरमेंटल
कंफलिक्ट. उन्होंने विकास के साथ पर्यावरणीय क्षति से उत्पन्न विवादों के निपटारे के लिए उच्च न्यायालय एवं सर्वोच्च न्यायालय में दायर
पीआइएल के बारे में विस्तार से जानकारी
दी. इस मौके पर डॉ एमजी तिवारी और डॉ प्रसन्नजीत मुखर्जी को शॉल एवं मोमेंटो देकर सम्मानित किया
गया. दुर्गावती विश्वविद्यालय के वरिष्ठ आचार्य प्रो
सरदुल सिंह संधु को 2023-24 के
109वें सत्र के लिए भारतीय विज्ञान कांग्रेस एसोसिएशन के पर्यावरण विज्ञान के अनुभागीय अध्यक्ष के रूप में चुना गया है.

https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/01/09rc_m_140_09012023_1.jpg"
alt="" width="1024" height="768" />
इसे भी पढ़ें – ">https://lagatar.in/need-to-abolish-british-era-laws-sanjay-seth/">
ब्रिटिश जमाने के कानूनों को समाप्त करने की जरूरत : संजय सेठ [wpse_comments_template]
Leave a Comment