Ranchi : झारखंड चैंबर की स्किल डेवलपमेंट सब-कमेटी एवं बीआईटी मेसरा के संयुक्त तत्वावधान में सोमवार को चैंबर भवन में "AI Uses in Business" विषय पर विशेष कार्यशाला का आयोजन किया गया. चैंबर और बीआईटी मेसरा के बीच हाल ही में हुए एमओयू (MoU) के तहत आयोजित यह पहला संयुक्त कार्यक्रम था.
कार्यक्रम को संबोधित करते हुए एफजेसीसीआई के अध्यक्ष आदित्य मल्होत्रा ने कहा कि आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस (AI) आज प्रत्येक व्यवसाय की महत्वपूर्ण आवश्यकता बन चुका है. उन्होंने कहा कि उद्योग और व्यापार जगत को भविष्य की प्रतिस्पर्धा में आगे रहने के लिए नई तकनीकों को अपनाना होगा.
एफजेसीसीआई के महासचिव रोहित अग्रवाल ने कहा कि संस्था अपने सदस्यों, उद्यमियों और युवाओं की भविष्य की जरूरतों को ध्यान में रखते हुए इस तरह के ज्ञानवर्धक एवं कौशल विकास कार्यक्रम लगातार आयोजित करती रहेगी.
स्किल डेवलपमेंट सब-कमेटी के चेयरमैन आलोक सिंह ने अतिथियों और प्रतिभागियों का स्वागत करते हुए कहा कि यह कार्यशाला एफजेसीसीआई और बीआईटी मेसरा के बीच हुए एमओयू का पहला परिणाम है. उन्होंने बताया कि इस साझेदारी के तहत भविष्य में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस, डिजिटल ट्रांसफॉर्मेशन, नेतृत्व, इनोवेशन और अन्य उभरती तकनीकों पर नियमित कार्यशालाएं, प्रशिक्षण कार्यक्रम और उद्योग-अकादमिक सहयोग की नई पहल की जाएगी, जिससे झारखंड के उद्योग, व्यवसाय, युवा और विद्यार्थियों को लाभ मिलेगा.
कार्यशाला में बीआईटी मेसरा के डॉ. सत्यजीत महतो ने विशेषज्ञ प्रशिक्षक के रूप में व्यवसाय में आर्टिफिशियल इंटेलिजेंस के प्रभाव, विभिन्न क्षेत्रों में इसके व्यावहारिक उपयोग, उत्पादकता बढ़ाने, निर्णय प्रक्रिया को बेहतर बनाने और भविष्य की संभावनाओं पर विस्तृत जानकारी दी. इस अवसर पर डॉ. आशुतोष मिश्रा भी विशेष रूप से उपस्थित रहे.
कार्यक्रम में एफजेसीसीआई के उपाध्यक्ष प्रवीण लोहिया एवं राम बांगड़, संयुक्त सचिव नवजोत अलंग एवं रोहित पोद्दार और कोषाध्यक्ष अनिल अग्रवाल की भी गरिमामयी उपस्थिति रही.
कार्यक्रम का संचालन स्किल डेवलपमेंट सब-कमेटी की सदस्य खुशबू सिंघानिया ने मास्टर ऑफ सेरेमनी (एमओसी) के रूप में किया, जबकि चेयरमैन प्रियंक भगत ने धन्यवाद ज्ञापन प्रस्तुत करते हुए सभी अतिथियों, वक्ताओं, प्रतिभागियों और आयोजकों के प्रति आभार व्यक्त किया.
कार्यशाला में एफजेसीसीआई के पदाधिकारियों, कार्यकारिणी सदस्यों, विभिन्न उद्योगों के प्रतिनिधियों, उद्यमियों, प्रोफेशनल्स और विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया. आयोजन का उद्देश्य उद्योग और शिक्षा जगत के बीच सहयोग को मजबूत करना तथा झारखंड में कौशल विकास और तकनीकी जागरूकता को नई दिशा प्रदान करना था.
Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.


Leave a Comment