Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

रविवार को होगी सिंघु बॉर्डर पर संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक, कई मुद्दों पर होगा विचार विमर्श

Advertisement
Advertisement
New delhi : संयुक्त किसान मोर्चा ने पीएम मोदी के कृषि कानून निरस्त करने के ऐलान का स्वागत किया है, पर साथा ही यह भी कहा कि संसद में औपचारिक रूप से इस कानून को रद्द किया जाए. संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक सिंघु बॉर्डर पर 21 नवम्बर को होगी. शनिवार की बैठक टल गयी है. आगे की रणनीति पर किसान मोर्चा कल विचार विमर्श करेंगे.संयुक्त किसान मोर्चा के प्रमुख नेताओं की 9 सदस्यीय कमेटी की यह बैठक सिंघु बॉर्डर पर होगी. इसमें तीनों कृषि कानून निरस्त होने के बाद अगली रणनीति पर मंथन होगा. इसे भी पढ़ें-कृषि">https://lagatar.in/martyr-status-should-be-given-to-the-farmers-who-died-in-the-anti-agriculture-movement-ap-singh/">कृषि

कानून विरोधी आंदोलन में मरे किसानों को दिया जाये शहीद का दर्जा : एपी सिंह

संसद में औपचारिक रूप से कानून रद्द किया जाए

संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा कि संसद में औपचारिक रूप से कानून रद्द किया जाए. MSP बनाई जाए और बिजली संसोधन बिल वापस लिया जाए. संयुक्त किसान मोर्चा की बैठक के बाद 21 नवंबर को पंजाब के किसान संगठनों की बैठक होगी. इसके बाद तय होगा कि आंदोलन का अगली रणनीति क्या होगी. संयुक्त किसान मोर्चा ने कहा कि यह आंदोलन सिर्फ कृषि कानून के खिलाफ नहीं था, फसलों के लाभकारी मूल्य और वैधानिक गारंटी के लिए भी था. इसे भी पढ़ें-IPL">https://lagatar.in/ipl-2022-bcci-secretary-shah-said-it-will-be-organized-in-india-only/">IPL

2022 : बीसीसीआई सचिव शाह ने कहा- भारत में ही होगा इसका आयोजन

टिकैत ने कहा-एमएसपी  भी बड़ा सवाल

इसी बीच किसान नेता राकेश टिकैत ने कहा-MSP भी एक बड़ा सवाल है. उस पर भी क़ानून बन जाए, क्योंकि किसान जो फसल बेचता है उसे वह कम कीमत पर बेचता है, जिससे बड़ा नुक़सान होता है. अभी बातचीत करेंगे. [wpse_comments_template]        

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही