Kiriburu (Shailesh Singh) : सेल की
किरीबुरु प्रबंधन एवं
एस्पायर संस्था द्वारा संचालित सारंडा सुवन छात्रावास व
आरबीसी केन्द्र के बच्चे हस्तकला में काफी निपुण हो रहे
है. सारंडा के सुदूरवर्ती गांव के गरीब व अनाथ बच्चों को अगर प्रशिक्षण दिया जाए तो हस्तकला में ये नाम कमा सकते
है. इस स्कूल के बच्चों में प्रतिभा की कोई कमी नहीं
है. बच्चे स्कूल प्रांगण में हीं मिट्टी की देवि, देवताओं आदि की कलाकृतियां प्रतिदिन बनाते हैं और आपसे में
प्रतिस्पर्द्धा भी करते
हैं. इससे इनकी कला में निखार भी आ रहा
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: सब्सिडी व विशेष छूट के बाद भी ईएमसी क्लस्टर के 22 प्लॉट व 90 फ्लैटेड फैक्ट्री खाली कलाकृतियों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी
सेल, बीएसएल
जेजीओएम के महाप्रबंधक नवीन कुमार सोनकुशरे, वरिष्ठ प्रबंधक रमेश सिन्हा सहित कई अधिकारी बच्चों के इस कला को देख काफी प्रभावित
हुए. इन्होंने कहा कि जल्द हीं इन बच्चों के बीच कला प्रतियोगिता व इनके द्वारा मिट्टी के बने
समानों व कलाकृतियों की प्रदर्शनी लगाई जाएगी और इन्हें प्रोत्साहित किया
जाएगा. इसे भी पढ़ें :चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-devotees-dance-on-the-hymns-of-shyam-baba-in-phagun-shyam-festival/">चाईबासा
: फागुन श्याम महोत्सव में श्याम बाबा के भजनों पर झूमे भक्त [wpse_comments_template]
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