- ये पेड़ व जंगल हमारे जीने का मुख्य आधार हैं
: एस्पायर अकादमी कंप्यूटर ट्रेनिंग सेंटर का उद्घाटन
alt="" width="600" height="400" /> बालिबा व कुदलीबाद जैसे सुदूरवर्ती गांव में रहने वाले ये बच्चे आज पहली बार सारंडा की प्राकृतिक खूबसूरती व ऊंची पहाड़ियों से गिरते झरने का पानी को देखा. इन बच्चों को आइएफएस नितिश कुमार के नेतृत्व में वन विभाग की टीम ने बस व अन्य वाहन से झिंकरा झरना, कारो नदी तट, बराईबुरु गेस्ट हाउस, वन विभाग का किरीबुरु स्थित कार्यालय सह गेस्ट हाउस आदि स्थानों का भ्रमण कराया. भ्रमण के दौरान इन बच्चों को जंगलों में लगने वाली आग से होने वाला नुकसान, आग को बुझाने का तरीका, नुक्कड़ नाटक के माध्यम से जंगल का महत्व व उपयोगिता, औस्कर आवार्ड प्राप्त एलिफेंट विशपर्स नामक फिल्म दिखाया गया. इस फिल्म में वन्यप्राणियों से प्रेम व उनका संरक्षण से जुड़ी जानकारी दी गई है. यह सारे चीजों को देख बच्चे काफी प्रभावित हुये. उन्होंने कहा कि अब हम भी जंगल को काटने से बचायेंगे, आग लगने नहीं देंगे, अपने माता-पिता को भी इस कार्य में शामिल करेंगे. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-swati-of-jamshedpur-got-17th-rank-in-upsc-became-jharkhand-topper/">जमशेदपुर
: यूपीएससी में जमशेदपुर की स्वाति को 17वां रैंक, बनी झारखंड टॉपर
alt="" width="600" height="400" /> इएफएस नितिश कुमार ने कहा कि झारखण्डी विचारधारा एंव संस्कृति सदैव हीं पर्यावरण प्रेमी रही है. हमारे पूर्वजों ने ऐसे नियम बनाये थे जिनके पालन से मनुष्य और प्रकृति का अटूट नाता बना. जब तक हम पूर्वजों के दिखलाए मार्ग का अनुसरण करते रहे तब तक सब ठीक-ठाक चलता रहा. लेकिन जब हमने नैतिक मुल्यों को ताक पर रख कर प्रकृति का दोहन प्रारम्भ किया तो उसने भी प्रतिशोध का मार्ग अपना लिया. सारंडा में बसे आदिवासी-वनवासीयों को प्रकृति ने भोजन, वस्त्र, आवास, पानी, शुद्ध हवा, वर्षा आदि समस्याओं का समाधान हेतु प्रकृति ने कदम-कदम पर साथ निभाया. आज उसके कारण ही हमारा अस्तित्व शेष है. उसने हमें रोटी दी, हमने उसके पेड़ पौधे से दुर्व्यवहार आरम्भ कर दिया. उसने हमें जीना सिखाया, हमने उसी के अंगों अर्थात् भूमि, जल, वायु से खिलवाड़ किया. क्या यहीं हमारी मानवता है. सारंडा का ऐतिहासिक जंगल अगर बचा रहेगा तो यहाँ रहने वाले लोग कभी भी भूखे मर नहीं सकते. क्योंकि इस जंगल में वह सभी वनोत्पाद व वनऔषधी मौजूद है जो हर मौसम में लोगों को कुछ न कुछ देकर भूखे नहीं मरने देगी. उन्होंने कहा कि आज डीएफओ अभिरुप सिन्हा के प्रयास से पहली बार यह नया कार्य प्रारम्भ किया गया है. आगे भी जारी रहेगा. इसे भी पढ़ें : स्कूली">https://lagatar.in/albendazole-medicine-will-be-given-to-school-children-dr-awadhesh-singh/">स्कूली
बच्चों को दी जाएगी एलबेंडाजोल की दवा : डॉ. अवधेश सिंह
alt="" width="600" height="400" /> उन्होंने कहा कि वन विभाग परिवार ने सोंचा है कि सारंडा के विभिन्न स्कूलों के बच्चों को परीक्षा से पूर्व हमारे वनरक्षी स्कूल में जाकर शिक्षा देंगे. इसके अलावे मैट्रिक की परीक्षा के दौरान हम बच्चों को उनके परीक्षा केन्द्र तक पहुंचाने व वापस लाने हेतु वाहन की सुविधा उपलब्ध करायेंगे. आज बच्चों को नाश्ता, खाना, पौष्टिक आहार के अलावे स्कूल बैग, कॉपी, पेंसिल आदि दिया गया. अन्य स्कूलों के बच्चों के साथ भी ऐसा कार्यक्रम आयोजित किया जायेगा, ताकि ये बच्चे हीं जंगल को बचाने हेतु खडे़ रहेंगे व समाज को भी जागरुक करेंगे. इसे भी पढ़ें : गिरिडीह">https://lagatar.in/giridih-people-should-support-in-the-fight-against-dictatorial-forces-kalpana-soren/">गिरिडीह
: तानाशाह ताकतों के खिलाफ लड़ाई में जनता साथ दे- कल्पना सोरेन
किरीबुरु : महिलाओं को आत्मनिर्भर बनाने का प्रयास तेज किया
alt="" width="600" height="400" /> Kiriburu (Shailesh Singh) : सारंडा वन प्रमंडल ने नेशनल इनोवेशन फाउंडेशन के सहयोग से सारंडा की एसएचजी ग्रुप की महिलाओं को स्वावलम्बी व आत्मनिर्भर बनाने हेतु प्रयास तेज किया. सारंडा डीएफओ अभिरुप सिन्हा के नेतृत्व में आइएफएस सह संलग्न पदाधिकारी नितिश कुमार ने बराईबुरु एवं गुआ की महिला समूहों को पत्तल बनाने का आधुनिक मशीन उपलब्ध कराया. नितिश कुमार ने बताया की एक मशीन बराईबुरु स्थित मुखिया मंगल सिंह गिलुवा के गैरेज में तथा दूसरा पंचायत भवन गुआ में स्थापित किया गया है. इस मशीन से पत्तल व दोना दोनों बनेगा. महिला समूह जंगल से पत्ता तोड़ इससे उच्च क्वालिटी का पत्तल व दोना बनाकर आर्थिक लाभ कमायेगी. इसे भी पढ़ें : XLRI">https://lagatar.in/xlri-to-achieve-long-term-goal-it-is-necessary-to-make-good-strategy-in-short-term-anuradha-razdan/">XLRI
: लांग टर्म गोल हासिल करने के लिए शॉर्ट टर्म में अच्छी स्ट्रैटेजी बनाना जरूरी : अनुराधा राजदान इनके द्वारा बनाये गये दोनों समानों की बिक्री हेतु वन विभाग बाजार उपलब्ध करायेगी. उन्होंने कहा कि यह मशीन मुफ्त दिया गया है तथा खराब होने पर उसकी मरम्मत भी वन विभाग करायेगी. जब महिलाएं जंगल के पत्ते से लाभ कमायेगी तो यहीं महिलाएं जंगल की आग और जंगल की कटाई से भी बचाने का कार्य करेगी. वन विभाग गे भी ऐसे कार्य करती रहेगी. वन विभाग ने आज बराईबुरु की महिलाओं द्वारा उक्त मशीन में बनाया गया दोना व पत्तल को खरीद उसका इस्तेमाल लोगों को खाना खिलाने में भी किया. इसे भी पढ़ें : गिरिडीह">https://lagatar.in/giridih-people-should-support-in-the-fight-against-dictatorial-forces-kalpana-soren/">गिरिडीह
: तानाशाह ताकतों के खिलाफ लड़ाई में जनता साथ दे- कल्पना सोरेन
चक्रधरपुर : एक साल से विद्यालय निर्माण कार्य अधूरा
- जिप सदस्य नाराज, कहा- विभाग को की जाएगी शिकायत
alt="" width="600" height="400" /> Chakradharpur (Shambhu Kumar) : पश्चिमी सिंहभूम जिला के बंदगांव प्रखंड की सुदूरर्ती क्षेत्र भालुपानी पंचायत के नवादा गांव में प्राथमिक विद्यालय भवन निर्माण कार्य एक साल से अधूरा रहने पर मंगलवार को बंदगांव भाग दो की जिला परिषद् सदस्य बसंती पूर्ति ने गांव पहुंचकर नाराजगी जतायी. स्थानीय ग्रामीणों की शिकायत पर जिला परिषद् सदस्य जांच करने पहुंची थी. जहां जांच में पाया गया कि भवन निर्माण विभाग रांची की ओर से वित्तीय वर्ष 2022-23 में लगभग 55 लाख रुपये की लागत से प्राथमिक विद्यालय नवादा में छह कमरों का नवनिर्माण छह महीने में पूरा किया जाना था, लेकिन एक वर्ष बीतने के बाद भी अब तक कार्य धरातल पर प्रारंभ शुरु नहीं किया गया है. इसे भी पढ़ें : पांकी">https://lagatar.in/panki-inauguration-of-aspire-academy-computer-training-center/">पांकी
: एस्पायर अकादमी कंप्यूटर ट्रेनिंग सेंटर का उद्घाटन इससे क्षेत्र के विद्यार्थियों को पठन-पाठ्न में परेशानी हो रही है.जिप सदस्य बसंती पूर्ति ने बताया कि विद्यालय के शौचालय की स्थिति भी काफी दयनिय है.वहीं भोजन बनाने की पाकशाला भी जर्जर अवस्था है, इसे देखते हुये जल्द से जल्द विद्यालय के नये भवन का निर्माण कार्य प्रारंभ होना चाहिए.उन्होंने कहा कि मामले की शिकायत सूबे के मुख्यमंत्री व भवन निर्माण विभाग के रांची के अधिकारियों को की जाएगी, ताकि जल्द से जल्द विद्यालय भवन निर्माण कार्य प्रारंभ हो सकें. इस मौके पर विद्यालय प्रबंधन समिति के सदस्यों के अलावे स्थानीय ग्रामीण मौजूद थे. इसे भी पढ़ें : XLRI">https://lagatar.in/xlri-to-achieve-long-term-goal-it-is-necessary-to-make-good-strategy-in-short-term-anuradha-razdan/">XLRI
: लांग टर्म गोल हासिल करने के लिए शॉर्ट टर्म में अच्छी स्ट्रैटेजी बनाना जरूरी : अनुराधा राजदान
चक्रधरपुर : रामनवमी को लेकर पुलिस ने किया शहर में फ्लैग मार्च
alt="" width="600" height="400" /> Chakradharpur (Shambhu Kumar) : रामनवमी त्योहार को लेकर मंगलवार शाम चक्रधरपुर में पुलिस की ओर से फ्लैग मार्च निकाला गया. चक्रधरपुर के थाना प्रभारी राजीव रंजन के नेतृत्व में निकल गए इस फ्लैग मार्च में बड़ी संख्या में जिला पुलिस बल के जवान के अलावे सीआरपीएफ के जवान शामिल हुए. फ्लैग मार्च चक्रधरपुर के थाना से निकलकर चक्रधरपुर के पुरानी रांची रोड, बाटा रोड, तंबाकू पट्टी रोड, पवन चौक समेत अन्य जगह का भ्रमण कर पुनः थाना पहुंची. इसे भी पढ़ें : XLRI">https://lagatar.in/xlri-to-achieve-long-term-goal-it-is-necessary-to-make-good-strategy-in-short-term-anuradha-razdan/">XLRI
: लांग टर्म गोल हासिल करने के लिए शॉर्ट टर्म में अच्छी स्ट्रैटेजी बनाना जरूरी : अनुराधा राजदान चक्रधरपुर के थाना प्रभारी राजीव रंजन ने कहा कि रामनवमी का त्योहार लोग सौहार्द पूर्ण माहौल में मनाए. जुलूस के दौरान विधि व्यवस्था खराब करने वालों के खिलाफ कार्रवाई की जाएगी.फ्लैग मार्च के दौरान रामनवमी जुलूस निकालने वाले अखाड़ा स्थल के रूट का भी भ्रमण किया गया. इस बड़ी संख्या में पुलिस व सीआरपीएफ के जवान मौजूद थे. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-swati-of-jamshedpur-got-17th-rank-in-upsc-became-jharkhand-topper/">जमशेदपुर
: यूपीएससी में जमशेदपुर की स्वाति को 17वां रैंक, बनी झारखंड टॉपर
नोवामुंडी : वन विभाग ने महिलाओं को दोना पत्तल बनाने की मशीन दिया
alt="" width="600" height="400" /> Noamundi (Sandip Kumar Prasad) : गुवा वन क्षेत्र के वन विभाग पदाधिकारी परमानंद रजक ने महिलाओं को स्वावलंबी बनाने के लिए गुवा पश्चिमी पंचायत भवन में आज मंगलवार शाम को गुवा क्लस्टर की महिलाओं को दोना पत्तल बनाने का प्रशिक्षण रांची एवं बारीपदा से आए ट्रेनर जोगेंद्र पात्रा व मंजु महतो के द्वारा दी गई. यह कार्यक्रम का आयोजन सारंडा वन प्रमंडल पदाधिकारी अविरुप सिंहा के दिशा निर्देशन में आयोजन किया गया. ट्रेनिंग के साथ साथ जंगल से साल का पत्ता से पत्तल एवं दोना कैसे बनाई जाती है उसकी पूरी जानकारी दी गई.साथ ही प्रशिक्षण के दौरान इसकी मार्केटिंग कैसे की जाए उसका विस्तार से प्रशिक्षण दिया गया. इसे भी पढ़ें : गिरिडीह">https://lagatar.in/giridih-people-should-support-in-the-fight-against-dictatorial-forces-kalpana-soren/">गिरिडीह
: तानाशाह ताकतों के खिलाफ लड़ाई में जनता साथ दे- कल्पना सोरेन
alt="" width="600" height="400" /> प्रशिक्षण के अंत में वन विभाग की ओर से क्लस्टर की महिलाओं को दोना पत्तल बनाने की मशीन वितरण किया गया. साथ ही गुवा वन विभाग पदाधिकारी परमानंद रजक ने दोना पत्तल बनाने की मशीन का शुभारंभ पूजा पाठ एवं नारियल फोड़कर किया. इसी के तहत वन विभाग गुवा के द्वारा बरायबुरु गांव में गांव के मुखिया मंगल सिंह गिलुवा एवं नोवामुंडी प्रमुख पुनम गिलुवा के हाथों वहां की महिलाओं को दोना पत्तल बनाने की ट्रेनिंग देकर मशीन वितरण किया. इस मौके पर गुवा वन विभाग पदाधिकारी परमानंद रजक, वनरक्षी समीत बनर्जी, वनरक्षी कमल कृष्ण महतो,वनरक्षी जितेंद्र ब्रह्मम, पश्चिम पंचायत मुखिया पद्मिनी लागुरी, पूर्वी पंचायत मुखिया चांदमनी लागुरी, जेएसएलपीएस जेंडर सीआरपी ममता देवी, गीता देवी, अनुराधा राव,नीलम सामद,संजु कर्मकार, बसंती बिरुवा,अगनेशिया डुंगडुंग,सुमी सामंत सहित अन्य मौजूद थे. इसे भी पढ़ें : रांची">https://lagatar.in/ranchi-grand-organization-of-sarhul-milan-ceremony-in-ccl/">रांची
: सीसीएल में सरहुल मिलन समारोह का भव्य आयोजन [wpse_comments_template]
Leave a Comment