की दूसरी सोमवारी, पहाड़ी मंदिर समेत राज्य के अन्य शिवालयों में श्रद्धालुओं की उमड़ी भीड़
जेना की मौत 24 जुलाई को अस्पताल में हुई
उल्लेखनीय है कि जेना सोय मौत 24 जुलाई की सुबह लगभग 4 बजे राउरकेला स्थित जयप्रकाश अस्पताल एवं रिसर्च सेंटर में इलाज के दौरान हो गई थी. लेकिन अस्पताल प्रबंधन ने बकाया पैसा लगभग 85 हजार रुपये जमा करने के बाद ही मृतक का शव परिजनों को देने की बात कही थी. मृतक का परिवार अत्यंत गरीब है और उनके पास पैसा नहीं है. इसके बावजूद वे 24 जुलाई को बकाया पैसे में से 40 हजार रुपए जमा किया. अब तक वे लोग कुल 2 लाख 80 हजार रुपए जमा कर चुके हैं. मात्र 45 हजार रुपये के लिये शव को नहीं दिया जा रहा है. इसे भी पढ़ें : यूपी">https://lagatar.in/up-a-horrific-road-accident-on-purvanchal-expressway-8-passengers-killed-many-injured/">यूपी: पूर्वांचल एक्सप्रेस-वे पर भीषण सड़क हादसा, 8 यात्रियों की मौत, कई लोग घायल
ऑपरेशन के लिए पहले ही जमा किए थे दो लाख रुपए
[caption id="attachment_368288" align="alignnone" width="1040"]alt="" width="1040" height="480" /> राउरकेला का जय प्रकाश हॉस्पिटल.[/caption] घटना के संबंध में मृतक जेना सोय की मां अश्रिता सोय और भांजा बलदेव ने बताया कि जेना सोय का ऑपरेशन करने की बात कह अस्पताल प्रबंधन ने पहले ही दो लाख रुपये जमा करा लिये थे और ऑपरेशन भी नहीं किया. मौत से पूर्व तक का इलाज का बिल लगभग 3 लाख 25 हजार बता दिया. इसमें से दो लाख 80 हजार रुपए दिए जा चुके हैं. अब और पैसा नहीं है कि अस्पताल प्रबंधन को दे पायें. इसे भी पढ़ें : शर्मसार:">https://lagatar.in/shame-minor-raped-for-3-months-in-bokaro-pleaded-with-police-to-save-life/">शर्मसार:
बोकारो में 3 माह तक नाबालिग से दुष्कर्म, जान बचाकर पुलिस से लगायी गुहार
आयुष्मान कार्ड से नहीं होता है इलाज
जेना की मां और भांजा ने कहा कि सरकार गरीबों को इलाज के लिये आयुष्मान कार्ड तो पकड़ा दी है, लेकिन इस कार्ड से इलाज कराने के लिये क्षेत्र में कोई भी बड़ा अस्पताल नहीं है. प्राइवेट अस्पताल मरीज की मौत होने पर भी फर्जी बिल बनाते रहते हैं. इसे रोकने के लिये सरकार को विशेष कदम उठाते हुये विशेष नियम बनाने चाहिए, ताकि मरीज की मौत होने के बाद उसका इलाज का सारा बिल माफ हो. इसे भी पढ़ें : गालूडीह">https://lagatar.in/galudih-people-are-upset-due-to-the-parking-of-vehicles-under-the-passing-bridge-there-have-been-many-accidents/">गालूडीह: पासिंग ब्रिज के नीचे वाहनों की पार्किंग से लोग परेशान, हो चुकी हैं कई दुर्घटनाएं

Leave a Comment