- मनोहरपुर एवं आनन्दपुर प्रखंड में सरकार की अति महत्वाकांक्षी योजना
: भूमि विवाद में मारपीट, हीरालाल निषाद गंभीर रुप से घायल
alt="" width="600" height="400" /> उन्होंने कहा कि मनोहरपुर प्रखण्ड अन्तर्गत डिम्बुली पंचायत के हाकागुई गुटूटोला में करोड़ों राशि खर्च कर टंकी बनाकर छोड़ दिया गया है. इस आपूर्ण टंकी निर्माण में भारी अनियमितता बरती गई है. बारिश के दिनों में इस टंकी से पानी रिसने लगता है. घर-घर नल भी नहीं पहुंचाया है. इसी तरह रायडीह पंचायत के राजस्व ग्राम रोंगो के दिरीउला टोला में 5 माह पूर्व बने सोलर युक्त जलमीनार निर्माण के एक माह बाद ही खराब हो गया है. मनोहरपुर प्रखंड के ग्राम पंचायत दीघा अन्तर्गत ग्राम मरंगपोंगा में विगत्त दो वर्षों से जलमीनार का निर्माण आधूरा पड़ा हुआ है. इस योजना से ग्रामीणों को एक बूँद पानी नहीं मिलता है. इसे भी पढ़ें : राजस्थान">https://lagatar.in/demonstration-of-exercise-bharat-shakti-of-all-three-parts-of-the-army-today-in-pokhran-rajasthan/">राजस्थान
के पोकरण में आज सेना के तीनों अंगों के अभ्यास भारत शक्ति का प्रदर्शन
alt="" width="600" height="400" /> आनन्दपुर प्रखण्ड के राजस्व ग्राम कुड़ना बीच टोला में विगत्त एक साल से जलमीनार खराब है.आनन्दपुर प्रखण्ड के ग्राम पंचायत बिंजु के राजस्व ग्राम लोरपोण्डा ओडेया टोला एवं ऊँधी गाँव के मुण्डा टोला में विगत्त एक साल से जलमीनार खराब है. झारबेड़ा पंचायत के राजस्व ग्राम महिषगाड़ा बीच टोला में निर्मित जलमीनार भ्रष्टाचार की भेंट चढ़ गया है. दिनभर में ग्रामीणों को एक बाल्टी तक पानी नहीं मिल पाता है. मनोहरपुर प्रखण्ड कार्याल के रायडीह पंचायत के ग्राम जोजोगुरू में विगत्त तीन साल से अधूरा निमार्ण जलमीनार को तत्काल पूर्ण कर ग्रामीणों को उक्त योजना के अन्तर्गत्त पेयजल हेत्तु पानी उपलब्ध कराया जाये. इसे भी पढ़ें : BREAKING">https://lagatar.in/ed-raids-17-locations-including-congress-mla-amba-prasad-and-co-in-ranchi/">BREAKING
: रांची में कांग्रेस विधायक अंबा प्रसाद और सीओ सहित 17 ठिकानों पर ईडी का छापा
alt="" width="600" height="400" /> इसके अलावे सारंडा स्थित गंगदा पंचायत का दोदारी एवं छोटानागरा पंचायत स्थित बाईहातु गांव स्थित जलापूर्ती योजना का भी लाभ भी पंचायत के तमाम गांवों के ग्रामीणों को नहीं मिल पा रहा है. सुशील बारला ने उक्त सभी योजनाओं की उच्च स्तरीय जांच किसी केन्द्रीय एजेंसी अथवा सीबीआई से कराने की मांग की है ताकि सच्चाई सामने आये एवं ग्रामीणों को इस योजना का लाभ मिल सके. [wpse_comments_template]
Leave a Comment