Kiriburu (Shailesh Singh) : सेल के मेघाहातुबुरु खदान प्रबंधन ने लोगों को आर्थिक उन्नति व स्वरोजगार से जोड़ने हेतु मशरुम की खेती व एग्रिकल्चर का एक दिवसीय प्रशिक्षण कार्यक्रम आयोजित किया गया. यह प्रशिक्षण 11 मई को सीएसआर योजना के तहत सौभाग्य केन्द्र मेघाहातुबुरु में जमशेदपुर के गैर सरकारी संस्था टेक्निकल रिसोर्स कम्यूनिकेशन एंड सर्विस सेंटर (टीआरसीएससी) द्वारा दिया गया. कार्यक्रम का उद्घाटन बतौर मुख्य अतिथि सीजीएम आरपी सेलबम, विशिष्ट अतिथि जेजीओएम के महाप्रबंधक (सीएसआर) नवीन कुमार सोनकुशरे, महाप्रबंधक योगेश प्रसाद राम, महाप्रबंधक भीके सुमन ने किया. मशरुम की खेती का प्रशिक्षण में खदान से प्रभावित गांवों के 20 तथा एग्रिकल्चर (सब्जियों की खेती) के प्रशिक्षण में 47 महिला, पुरुष व स्कूली छात्र-छात्राए शामिल हुए. इसे भी पढ़ें : जमशेदपुर">https://lagatar.in/jamshedpur-151-applications-for-phd-in-womens-university-entrance-exam-on-june-25/">जमशेदपुर
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alt="" width="600" height="400" /> कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीण व स्कूली बच्चे.[/caption] प्रशिक्षण के उपरांत सीजीएम आरपी सेलबम ने मशरुम की खेती से जुड़े लोगों को बीज व मशरुम कल्टिवेशन कीट तथा एग्रिकल्चर से जुड़े लोगों को मौसमी सब्जियों के बीज, गैता, कुदाल, खुर्पी, हसुआ व रम्फा प्रत्येक किसान को दिए. सीजीएम ने कहा कि अगर सभी को स्वस्थ रहना है तो अपने-अपने घरों में किचन फार्मिंग व बागवानी अवश्य करें. यह न सिर्फ आपको स्वस्थ रखेगा, बल्कि इससे आपको स्वच्छ, ताजे व पौष्टिक आहार भी मिलेंगे. किसान को जितना बीच चाहिए उसे उतना बीज दिया जाएगा. रासायनिक खाद से तरह-तरह की बीमारियां बढ़ रही है. खेती में जैविक खाद का प्रयोग ज्यादा से ज्यादा करें. किसान खेती कर अपना आर्थिक श्रोत बढ़ाएं. युवा व ग्रामीण आत्मनिर्भर बनने की कोशिश करें. इस दौरान उप महाप्रबंधक संजय कुमार, सहायक महाप्रबंधक राम बाबू डोराडला, मोहन कुमार, संदीप भारद्वाज, अभिजीत कुमार, सरगेया अंगारिया, मुंडा जुनू पूर्ति, मुंडा जानुम सिंह सोय, सुब्रजीत घोष, अर्नव, राजेश आदि दर्जनों मौजूद थे. [wpse_comments_template]
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स्वस्थ रहने के लिए किचन फार्मिंग व बागवानी अवश्य करें
[caption id="attachment_633925" align="aligncenter" width="600"]alt="" width="600" height="400" /> कार्यक्रम में उपस्थित ग्रामीण व स्कूली बच्चे.[/caption] प्रशिक्षण के उपरांत सीजीएम आरपी सेलबम ने मशरुम की खेती से जुड़े लोगों को बीज व मशरुम कल्टिवेशन कीट तथा एग्रिकल्चर से जुड़े लोगों को मौसमी सब्जियों के बीज, गैता, कुदाल, खुर्पी, हसुआ व रम्फा प्रत्येक किसान को दिए. सीजीएम ने कहा कि अगर सभी को स्वस्थ रहना है तो अपने-अपने घरों में किचन फार्मिंग व बागवानी अवश्य करें. यह न सिर्फ आपको स्वस्थ रखेगा, बल्कि इससे आपको स्वच्छ, ताजे व पौष्टिक आहार भी मिलेंगे. किसान को जितना बीच चाहिए उसे उतना बीज दिया जाएगा. रासायनिक खाद से तरह-तरह की बीमारियां बढ़ रही है. खेती में जैविक खाद का प्रयोग ज्यादा से ज्यादा करें. किसान खेती कर अपना आर्थिक श्रोत बढ़ाएं. युवा व ग्रामीण आत्मनिर्भर बनने की कोशिश करें. इस दौरान उप महाप्रबंधक संजय कुमार, सहायक महाप्रबंधक राम बाबू डोराडला, मोहन कुमार, संदीप भारद्वाज, अभिजीत कुमार, सरगेया अंगारिया, मुंडा जुनू पूर्ति, मुंडा जानुम सिंह सोय, सुब्रजीत घोष, अर्नव, राजेश आदि दर्जनों मौजूद थे. [wpse_comments_template]
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