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किरीबुरु : चोरों के आतंक से आतंकित हैं लोग, चोर चुस्त, पुलिस सुस्त

  • चोरों के डर से सेल प्रबंधन खुलवा रहा मैदान में लगे लाइट
Kiriburu (Shailesh Singh) : अज्ञात चोरों ने मेघाहातुबुरु स्थित वॉलीबॉल मैदान के नेट में लगा स्टील का रोप की चोरी कर फरार हो गया. इस घटना से सेल प्रबंधन व खिलाडि़यों में भारी आक्रोष व्याप्त है. स्टील का रोप बहुत मुश्किल से सेल प्रबंधन ने बाहर से खरीद मंगाया था. इसकी चोरी होने से खिलाडि़यों का खेल प्रभावित हो गया है. चोरों के डर से मेघाहातुबुरु प्रबंधन ने खिलाडि़यों को रात में खेलने के लिये लगाये गये दर्जनों कीमती लाइटें भी आज खोलवाना प्रारम्भ कर दिया है. इससे पहले विभिन्न मैदानों में लगे दर्जनों लाईटों की चोरी चोरों द्वारा कर लिया गया.  इसे भी पढ़ें : पीएम">https://lagatar.in/pm-modi-knows-the-election-is-out-of-his-hands-rahul-gandhi/">पीएम

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दो दिन पूर्व हीं चोरों ने मेघाहातुबुरु का मेन्टेनेंस आस का ताला तोड़ समानों की चोरी कर लिया था. इससे पहले बीएसएनएल कार्यालय का ताला तोड़ केबुल व अन्य उपकरणों की चोरी, थाना के बिल्कुल पास स्थित विद्युत सब स्टेशन का ताला तोड़ समानों की चोरी, चलती विद्युत लाईन से तांबा तार काट ले जाना, समय समय पर विभिन्न दुकानों व घरों का ताला तोड़ समानों की चोरी आदि की घटनायें आम व रोज की बात हो गई है. सबसे बडी़ घटना तो चोरों ने किरीबुरु का नया थाना भवन जिसमें पुलिस शीफ्ट भी नहीं हुई थी, उसका सारे समानों की चोरी कर पूरा भवन को चोरों ने खंडहर बना दिया. पूरे घटना की जानकारी तक पुलिस को नहीं हो पाई थी. यह थाना भवन लगभग डेढ़ करोड़ रूपये की लागत से बना था. इसे भी पढ़ें : झारखंड">https://lagatar.in/punjab-has-the-highest-supply-of-opium-and-doda-from-six-districts-of-jharkhand/">झारखंड

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पश्चिम सिंहभूम जिला हीं नहीं बल्कि पूरे झारखण्ड व भारत का सबसे सुरक्षित व आपसी प्रेम व भाईचारा का प्रतीक माना जाने वाला किरीबुरु-मेघाहातुबुरु जैसा सबसे छोटा शहर के लोग एवं सेल प्रबंधन पिछले कुछ वर्षों से चोरों के आतंक से काफी परेशान व आतंकित है. इस शहर के लोगों को लगभग 20 वर्षों तक सारंडा में तांडव व आतंक मचाने वाले नक्सलियों ने भी कभी नहीं डरा पाया. उनके हजारों फरमान के बावजूद यह शहर किसी नक्सली बंदी के दौरान बंद नहीं रहा. लेकिन अब चोरों का अलग-अलग समूह ने सभी को आतंकित कर दिया है. लगभग 4-5 किलोमीटर परिधि में किरीबुरु-मेघाहातुबुरु शहर बसा है. इसे भी पढ़ें : चांडिल">https://lagatar.in/chandil-used-to-sell-beer-in-ration-shop-caught-by-police-sent-to-jail/">चांडिल

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इसे सबसे सुरक्षित इसलिए माना जाता है, क्योंकि यहां अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, पुलिस निरीक्षक, किरीबुरु थाना पुलिस का कार्यालय व दर्जनों पदाधिकारी तथा जवान, सीआईएसएफ, सीआरपीएफ के सैकड़ों पदाधिकारी व जवानों के अलावे इस शहर के चारों तरफ परिधि में कुछ किलोमीटर की दूरी पर विभिन्न पुलिस कैंप स्थापित है. इसके बावजूद चोरों का निरंतर आतंक गंभीर चिंता का विषय बना हुआ है. सबसे अहम बात यह है कि यहां चोरी की घटना छोड़ दें तो अपराध बिल्कुल शून्य है. इसके बावजूद चोरों पर अंकुश नहीं लगना चिंता का विषय व अनेक सवाल खड़ा कर रहा है. [wpse_comments_template]

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