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किरीबुरू : अनिश्चितकालीन आर्थिक नाकेबंदी का सारंडा व कोल्हान सीमावर्ती वन क्षेत्र के ग्रामीण करेंगे समर्थन

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Kiriburu (Shailesh Singh) : सेल के किरीबुरू एवं मेघाहातुबुरु खदान के खिलाफ 29 अगस्त से सारंडा के मानकी, मुंडा, ग्रामीण व शिक्षित बेरोजगारों द्वारा की जाने वाली अनिश्चितकालीन आर्थिक नाकेबंदी का समर्थन रोवाम के सामाजिक कार्यकर्ता रामो सिद्धू ने भी किया है. रामो सिद्धू ने 24 अगस्त को रोवाम गांव में ग्रामीणों के साथ बैठक के बाद यह घोषणा की. उन्होंने कहा कि सेल की झारखंड खान समूह की चार खदानें किरीबुरू, मेघाहातुबुरु, गुवा और चिड़िया सारंडा जंगल क्षेत्र में स्थित है. यह चारों खदान पब्लिक सेक्टर के अन्तर्गत आती है. इन खदानों का मुख्य उद्देश्य खदान से प्रभावित क्षेत्र के गावों के अधिक से अधिक बेरोजगारों को नौकरी व रोजगार से जोड़ना है. लेकिन चारों खदान प्रबंधन स्थानीय शिक्षित बेरोजगारों को अपने-अपने खदान में नौकरी नहीं देकर बाहरी लोगों को एक साजिश के तहत नौकरी दे रही है. इसे भी पढ़ें : मुसाबनी">https://lagatar.in/musabani-demonstration-of-laborers-at-excel-india-gate-against-giving-work-to-outsiders/">मुसाबनी

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सारंडा व कोल्हान वन क्षेत्र से 50 से अधिक ग्रामीण होंगे शामिल

प्रबंधन की इस नीति के कारण सारंडा व कोल्हान क्षेत्र के युवक या तो पलायन कर रहे हैं या फिर हथियार उठा नक्सल व अन्य अपराध की ओर अग्रसर होकर शासन, प्रशासन के खिलाफ खड़ा हो रहे हैं. सरकार, प्रशासन व खदान प्रबंधनों को यह प्रयास करना चाहिए की इस क्षेत्र के युवाओं को उक्त खदानों में अधिक से अधिक नौकरी देकर इन युवाओं को गलत रास्ते पर जाने व पलायन होने से रोकें. रामो सिद्धू ने कहा कि जब इन खदान प्रबंधनों को नौकरी यहां के बच्चों को देना हीं नहीं है तो ऐसे खदानों को सरकार लीज पर देने का कार्य क्यों कर रही है. अगर सरकार इनको लीज देने का कार्य की तो हम सरकार का भी खुलकर विरोध करेंगे एवं चुनाव में सबक सिखाएंगे. उन्होंने कहा कि उक्त आंदोलन में सारंडा व कोल्हान वन क्षेत्र से हमारे नेतृत्व में 50 से अधिक ग्रामीण व मुंडा शामिल होंगे. इसे भी पढ़ें : देवघर">https://lagatar.in/deoghar-to-bring-peace-in-jharkhand-hemant-government-will-have-to-be-removed-babulal/">देवघर

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नियोजन कार्यालय के माध्यम से स्थानीय बेरोजगारों को दें नौकरी

उन्होंने सेल प्रबंधन से मांग किया कि वह चारों खदानों में कम से कम 500-500 चतुर्थ श्रेणी की बहाली निकाल कर नियोजन कार्यालय के माध्यम से स्थानीय बेरोजगारों को नौकरी दे. बैठक में रामो सिद्धू, पाटुंग के मुंडा महावीर कोड़ा, बोरोय के मुंडा मारतम अंगारिया, पूर्व जिला परिषद सदस्य बामिया माझी, बांकी पंचायत के पूर्व मुखिया रायमुल बहंदा, आकाहाटा के पूर्व उप मुखिया मांगु चाम्पिया, उरदूब चाकी, राजेश सांडिल, दिलीप हंसदा, रामाय हंसदा आदि शामिल थे. [wpse_comments_template]

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