घाट गोलीबारी मामला: बच्चू यादव को हाईकोर्ट से मिली बेल
ब्रह्मा बाबा ने अपनी संपत्ति से माता-कुंवारियों के लिए ट्रस्ट बनाया
वहीं सेवा केंद्र की संचालिका बीके अमृता ने ब्रह्मा बाबा की जीवनी से लोगों को अवगत कराया. उन्होने बताया कि उनका जन्म सिंध, हैदराबाद में 15 दिसंबर 1876 मे हुआ था. बचपन का नाम दादा लेखराज था. बड़े होने पर वे कोलकाता में सोने चांदी के एक बड़े व्यापारी हो गये. ईश्वरीय प्रेरणा से उन्होंने अपनी सारी चल-अचल संपति से माता एवं कुंवारियों का ट्रस्ट बनाया. आज संस्था की शाखायें 140 देशों में है. उन्होंने 18 जनवरी 1969 को देह का त्याग किया. इस कार्यक्रम में बीके गुलाब, रामेश्वर सोनी, किरण, उर्मिला, शीला, प्रतिमा, लक्ष्मी, सीताराम, ब्रजेश, अनिल, अजय, आशीष समेत कई लोग मौजूद थे. कार्यक्रम में अतिथियों को ईश्वरीय उपहार भेंट किया गया. इसे भी पढ़ें: चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-ied-blast-in-tumbahaka-forest-during-search-operation-two-jawans-injured/">चाईबासा: सर्च ऑपरेशन के दौरान तुम्बाहाका जंगल में आईईडी विस्फोट, दो जवान घायल [wpse_comments_template]

Leave a Comment