Latehar : प्रकति पर्व करमा पर राजी पडहा सरना समिति और सिकनी डामर के तत्वावधान में शक्ति खूंटा परिसर में सांस्कृतिक कार्यक्रमों का आयोजन किया गया. इसका नेतृत्व जगा उरांव ने किया. कार्यक्रम में पांच गांवों के नृत्य खोड़ाओं ने भाग लिया और पारंपरिक गीत व नृत्य प्रस्तुत किया. उन्होंने कहा कि करमा का त्यौहार आदिवासी जन जाति का सबसे बड़ा त्यौहार है. इस त्यौहार में अपने क्षेत्र की खेती व फसल को लेकर विशेष पूजा अर्चना, गीत और नृत्य होता है. (पढ़ें, हजारीबाग">https://lagatar.in/hazaribagh-amrit-kalash-yatra-being-taken-out-in-villages-under-meri-mati-mera-desh/">हजारीबाग
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समाज के लोगों को जगाने की जरूरत - रमेश उरांव
इससे पहले पूर्व संध्या में आयोजित कार्यक्रम में समाजसेवी रमेश उरांव, सात पड़हा अध्यक्ष राजनाथ उरांव, चंदवा पूर्व प्रमुख नवाहिर उरांव, सासंग पंचायत की मुखिया पुष्पा उरांव समेत कई सामाजिक कार्यकर्ता उपस्थित रहे. मौके पर समाज सेवी रमेश उरांव ने कहा कि आज हमारे समाज के लोगों को जगाने की जरूरत है. आज हमारे समाज को तोड़ने का भी प्रयास किया जा रहा है. हम लोगों को ऐसे ही पर्व व त्यौहारों के माध्यम से एकजुट रहना है. इसे भी पढ़ें : टीबी">https://lagatar.in/allocation-of-rs-48-lakh-to-three-districts-for-tb/">टीबीके लिए तीन जिलों को 48 लाख का आवंटन [wpse_comments_template]
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