मामले में SC ने निवेशकों के भारी नुकसान पर चिंता जतायी
कई तरह के लग रहे आरोप
वन विभाग जेसीबी मशीन से काम करवाता है. इससे क्षेत्र के मजदूर को रोजगार नहीं मिल पाता है और वे दूसरे राज्य रोजगार की तलाश में जाते हैं. वहीं चैक डैम के निर्माण में घटिया किस्म के पत्थर का इस्तेमाल किया जा रहा है. वन विभाग के कर्मचारी चेक डैम की आकृति बनाने के लिए बहते हुए पनी के उपर मिट्टी डलवाने का काम करते हैं. साथ ही चेक डैम के पेट में पड़ने वाले पेड़ को सीधे तौर पर न मार कर पेड़ के चारों ओर का मिट्टी काट कर हटा दिया गया है. इससे पेड़ स्वत: सूख जाएगा.alt="" width="600" height="340" />
क्या कहते हैं वन क्षेत्र पदाधिकारी
इस बाबत वन क्षेत्र पदाधिकारी कहते हैं कि यह विभाग का छोटा काम है. प्राक्कलन के हिसाब से कार्य हो रहा है. जंगल में पानी बचेगा, पशु-पक्षी को गर्मी में पानी मिल पायेगा. योजना बोर्ड लगाने के संबंध में कहते हैं बोर्ड लिखने के लिए दिया गया. लिखाने के बाद उसे निर्माण स्थल पर लगा दिया जायेगा. रही पत्थर की बात तो उसे जंगल से ही जमा कर इस्तेमाल करना है.alt="" width="600" height="300" /> इसे भी पढ़ें:ध्वनि">https://lagatar.in/hc-strict-on-noise-pollution-ban-on-loudspeaker-after-10-pm-instructions-to-ranchi-dc-ssp-and-municipal-commissioner/">ध्वनि
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