Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

लोकपाल ने भ्रष्टाचार के आरोपों से घिरी  पूर्व SEBI चीफ माधबी पुरी बुच को क्लीन चिट दी

NewDelhi :  पूर्व SEBI (भारतीय प्रतिभूति एवं विनिमय बोर्ड) चीफ माधबी पुरी बुच को लेकर बड़ी खबर आयी है. लोकपाल ने  पूर्व SEBI चीफ पर लगे भ्रष्टाचार के आरोपों में उन्हें  क्लीन चिट दे दी है. लोकपाल की जांच रिपोर्ट में कहा गया है कि माधबी पुरी बुच पर लगे आरोप अपुष्ट् और निराधार हैं.  

लोकपाल ने माधबी पुरी बुच के खिलाफ कथित भ्रष्टाचार की शिकायतों का निपटारा करते हुए कहा कि किसी भी गलत काम का कोई सबूत नहीं है.  लोकपाल ने बताया कि बुच के खिलाफ शिकायतें पूरी तरह से राजनीति से प्रेरित थीं.  

न्यायमूर्ति एएम खानविलकर की अध्यक्षता वाली छह सदस्यीय पीठ ने अपने आदेश में कहा कि इन शिकायतों की विषय-वस्तु एक समान थी और इन शिकायतों के लिए मुख्य स्रोत सामग्री 10 अगस्त, 2024 को  हिंडनबर्ग रिसर्च द्वारा लिखित एक रिपोर्ट पर आधारित थी.

 
थोड़ा पीछे जायें तो  पूर्व सेबी प्रमुख पर हिंडनबर्ग ने कई गंभीर आरोप लगाये थे. आरोपों के तहत माधबी पुरी बुच और अडानी ग्रुप के बीच कनेक्शन जोड़ा गया था. अब लोकपाल ने अपनी जांच रिपोर्ट में माधबी पुरी बुच को बरी कर दिया है. 

माधबी पुरी बुच के बारे में बता दें कि उन्होंने 2017 में सेबी ज्वाइन किया था.  मार्च 2022 में माधबी को सेबी प्रमुख बनाया गया था. हालांकि अब वे रिटायर हो चुकी हैं. वर्तमान में तुहिन कांत पांडे सेबी प्रमुख हैं. 
  
सेबी प्रमुख के रूप में माधबी पुरी बुच का कार्यकाल 28 फरवरी 2025 तक रहा. बताया जाता है कि इस दौरान उन्होंने आईपीओ से लेकर स्टॉक और F&O के लिए कई नियम लागू किये थे. लेकिन इसी बीच, अडानी ग्रुप पर आरोप लगाने वाली अमेरिकी शॉर्ट सेलर कंपनी हिंडनबर्ग की रिपोर्ट सामने आ गयी.

इसके बाद कंपनी(अडानी ग्रुप) के शेयर धड़ाम हुए थे. इस क्रम में हिंडनबर्ग ने एक अन्य रिपोर्ट प्रकाशित की, जिसमें माधबी पुरी बुच पर भ्रष्टाचार और अडानी ग्रुप से कनेक्शन के आरोप लगाये गये थे. 
  
हिंडनबर्ग ने 10 अगस्त 2024 की  अपनी रिपोर्ट में आरोप लगाया था कि अडानी ग्रुप के विदेशी फंड में सेबी चीफ माधवी पुरी बुच और उनके पति की हिस्सेदारी है. रिपोर्ट में अडानी ग्रुप और सेबी के बीच मिलीभगत का भी आरोप लगाया गया था. हालांकि  हिंडनबर्ग के आरोपों को  सेबी चीफ माधबी पुरी बुच और उनके पति धवल बुच ने  नकार दिया था.  
  
हिंडनबर्ग की रिपोर्ट आने के बाद विपक्ष ने सेबी प्रमुख पर हमलावर होते हुए सरकार से मांग की कि माधबी पुरी बुच को पद से हटाया जाये. विपक्ष ने सरकार(मोदी) पर भी हल्ला बोला था
  

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही