Search

 
 
 

शाही स्नान के बाद 15 दिन एकांतवास में गए भगवान जगन्नाथ, 16 को रथयात्रा

शहर के बड़कागढ़ धुर्वा में सोमवार को भगवान जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा का पारंपरिक शाही स्नान श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ. इस दौरान मंदिर परिसर जय जगन्नाथ के जयघोष से गूंज उठा और हजारों श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर भगवान से आशीर्वाद लिया. बड़कागढ़ मंदिर में मुख्य पुजारी रामेश्वर पाढ़ी ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विशेष पूजा और मुख्य अनुष्ठान संपन्न कराया.
 

Ranchi: शहर के बड़कागढ़ धुर्वा में सोमवार को भगवान जगन्नाथ, बड़े भाई बलभद्र और बहन सुभद्रा का पारंपरिक शाही स्नान श्रद्धा और उल्लास के साथ संपन्न हुआ. इस दौरान मंदिर परिसर जय जगन्नाथ के जयघोष से गूंज उठा और हजारों श्रद्धालुओं ने पूजा-अर्चना कर भगवान से आशीर्वाद लिया. बड़कागढ़ मंदिर में मुख्य पुजारी रामेश्वर पाढ़ी ने वैदिक मंत्रोच्चार के बीच विशेष पूजा और मुख्य अनुष्ठान संपन्न कराया. सेवक सुधांशु नाथ शाहदेव सहित अन्य सेवक भी अनुष्ठान में शामिल रहे. पारंपरिक वाद्ययंत्रों ढोल, नगाड़े और भेरी की गूंज के बीच तीनों विग्रहों का शाही स्नान कराया गया.

 

तीनों विग्रह 15 दिनों के बाद ही श्रद्धालुओं के देंगे दर्शन 

जगन्नाथपुर न्यास समिति की ओर से सैकड़ों प्रकार की जड़ी-बूटियों से तैयार पवित्र जल से भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा का अभिषेक किया गया. इसके अलावा 2000 श्रद्धालुओं के बीच जल का वितरण किए गए. धार्मिक मान्यता के अनुसार, शाही स्नान के बाद भगवान अस्वस्थ हो जाते हैं और 15 दिनों के अनासर (अज्ञातवास) काल में रहेंगे. इस दौरान मंदिर के पट श्रद्धालुओं के लिए बंद रहेंगे. अनासर अवधि समाप्त होने के बाद 15 जुलाई को नेत्रदान होगा. 16 जुलाई को ऐतिहासिक रथयात्रा निकाली जाएगी. इसके बाद भगवान पुनः भक्तों को दर्शन देंगे.

 

दर्शन के लिए उमड़ी श्रद्धालुओं की भीड़

बड़कागढ़ मंदिर में सुबह से ही श्रद्धालुओं की लंबी कतारें लगी रहीं. बड़ी संख्या में पहुंचे भक्तों ने भगवान जगन्नाथ, बलभद्र और सुभद्रा के अंतिम दर्शन कर आशीर्वाद प्राप्त किया. नेत्रोत्सव, श्रृंगार और आरती के बाद मंदिर के पट बंद कर दिए गए. श्रद्धालुओं ने भगवान से सुख-समृद्धि और मंगल की कामना की.

Lagatar Media की यह खबर आपको कैसी लगी. नीचे दिए गए कमेंट बॉक्स में अपनी राय साझा करें.

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही