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दिल्ली में मजदूर किसान सम्मेलन, झारखंड से भी बड़ी संख्या में लोग हुए शामिल

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मोदी सरकार को उखाड़ फेंकने की जरूरत : संजय पासवान Jhumritilaiya: गुरूवार 24 अगस्त को नई दिल्ली के तालकटोरा स्टेडियम में अखिल भारतीय मजदूर किसान संयुक्त सम्मेलन का आयोजन किया गया. इसमें झारखंड से भी बड़ी संख्या में लोगों ने हिस्सा लिया. 10 केन्द्रीय सेन्ट्रल ट्रेड यूनियन (सीटीयू) और संयुक्त किसान मोर्चा (एसकेएम) के संयुक्त बैनर तले इसका आयोजन किया गया था. सम्मेलन में झारखंड का प्रतिनिधित्व कर लौटे सीटू के राज्य सचिव संजय पासवान ने कहा कि मजदूर किसान सम्मेलन में मोदी सरकार को उखाड़ फेंकने का आह्वान किया गया. मोदी सरकार भारतीय अर्थव्यवस्था को लगातार बर्बाद कर रही है. आवश्यक वस्तुओं की कीमतों में भारी वृद्धि, छंटनी बेरोजगारी, महंगी शिक्षा और स्वास्थ्य के कारण आम लोगों का जीवन दयनीय हो गया है. दिल्ली की सीमाओं पर चले 13 महीने लंबे आंदोलन को स्थगित किया था, उनमें से एक भी मांग पूरी नहीं हुई है. निजीकरण के लिए सार्वजनिक क्षेत्र और सरकारी विभागों पर हमला जारी है. कोई भर्ती नहीं की जा रही है. इसे भी पढ़ें :रिम्स">https://lagatar.in/the-student-of-jdu-provided-financial-support-to-sunila-devi-a-cleaner-of-dspmu-recruited-in-reims/">रिम्स

में भर्ती डीएसपीएमयू की सफाईकर्मी सुनीला देवी की छात्र जदयू ने की आर्थिक मदद
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मजदूरों-किसानों के मुद्दों पर आंदोलन करने का फैसला

उन्होंने कहा कि मजदूर किसान सम्मेलन के घोषणापत्र में एक डिमांड चार्टर तैयार किया गया. जिसपर आने वाले दिनों में अभियानों और आंदोलनों की श्रृंखला चलाई जाएगी. इसी कड़ी में 3 अक्टूबर को लखीमपुर खीरी किसानों का नरसंहार के दिन काला दिवस के रूप में देश भर में मनाया जाएगा और गृह राज्य मंत्री अजय मिश्रा टेनी को बर्खास्त करने और मुकदमा चलाने की मांग को मजबूती से उठाया जाएगा. 26 से 28 नवंबर को सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों की राजधानियों में राजभवनों के सामने तीन दिवसीय दिन रात महापड़ाव का आयोजन किया जाएगा. मालूम हो कि 26 नवंबर 2020 को ही श्रमिक संगठनों के द्वारा अखिल भारतीय ऐतिहासिक आम हड़ताल किया गया था और किसानों द्वारा संसद तक ऐतिहासिक मार्च किया था. दिसम्बर जनवरी में राष्ट्रव्यापी भारत बंद और दिल्ली चलो का भी आह्वान किया जाएगा. दिल्ली में आयोजित किसान मजदूर सम्मेलन को अखिल भारतीय किसान सभा (एआईकेएस) के अध्यक्ष अशोक धवले, महासचिव बीजू कृष्णन, वरीय उपाध्यक्ष हन्नान मोल्ला, सेन्टर ऑफ इंडियन ट्रेड यूनियन (सीटू) के अध्यक्ष के. हेमलता, महासचिव तपन सेन सहित दर्जनों किसान मजदूर नेताओं ने सम्बोधित किया. सम्मेलन में झारखंड से झारखंड राज्य किसान सभा के अध्यक्ष सुफल महतो, महासचिव सुरजीत सिन्हा, संयुक्त सचिव असीम सरकार, कोषाध्यक्ष बिरेन्द्र कुमार और सुजीत माजी भी भाग लिए. इसे भी पढ़ें :चांडिल">https://lagatar.in/chandil-cattle-thieves-fled-leaving-the-car-after-villagers-made-noise/">चांडिल

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