Search

मझगांव : प्रत्येक घरों में पौधा लगाना जरूरी तभी होगा पर्यावरण का संरक्षण - जिम सदस्य

Majhgaon (Md. Wasi) : विश्व पर्यावरण दिवस पर सोमवार को मझगांव प्रखंड के विभिन्न सरकारी एवं गैर सरकारी संस्थानों में पौधरोपण कार्यक्रम आयोजित कि गया. मवि मझगांव में जिप सदस्य लंकेश्वर तामसोय व मझगांव मुखिया मधु धान एवं मवि सरगरीया में प्रखंड प्रमुख सरस्वती चातार ने पौधरोपण की. जिप सदस्य लंकेश्वर तामसोय ने पौधरोपण कर कहा कि पर्यावरण की रक्षा करना हम सबकी जिम्मेदारी है. हर व्यक्ति को पर्यावरण दिवस पर वृक्ष लगाने की जरूरत है. हमने कोविड-19 महामारी के दौरान ऑक्सीजन के महत्व को काफी करीब से देखा है. इसे भी पढ़ें : चाईबासा">https://lagatar.in/chaibasa-we-need-to-plant-more-and-more-trees-to-save-the-environment-prof-basanti/">चाईबासा

: पर्यावरण को बचाने के लिए ज्यादा से ज्यादा पौधे लगाने की आवश्यकता – प्रो. बसंती

पौधरोपण के साथ उसका संरक्षण भी आवश्यक

https://lagatar.in/wp-content/uploads/2023/06/Majhgaon-Paryawaran-1.jpg"

alt="" width="600" height="400" /> हमारे कई अपने ऑक्सीजन की कमी के कारण इस दुनिया से चले गए. विश्व पर्यावरण दिवस के दिन समाज के सभी व्यक्ति को आगे आकर प्रत्येक घरों में कम से कम एक एक पौधा लगाना जरूरी है तभी हम आने वाले समय में ऑक्सीजन की कमी को दूर कर पाएंगे अन्यथा हमारा जीवन फिर से संघर्ष भरा होगा. प्रखंड प्रमुख सरस्वती चातार ने कहा कि पौधरोपण के साथ उसकी घेराबंदी कर उसे संरक्षण देने की भी जरूरत है. प्रत्येक दिन हर व्यक्ति वृक्ष लगाएं. जिससे पर्यावरण प्रदूषित नहीं होगा. इसे भी पढ़ें : मनोहरपुर">https://lagatar.in/manoharpur-meeting-held-for-the-demand-of-giving-st-status-to-tribal-kudmi/">मनोहरपुर

: आदिवासी कुड़मी को एसटी का दर्जा देने की मांग को लेकर बैठक आयोजित

जंगलों की कटाई पर रोक लगाने की जरूरत

वर्तमान समय में पर्यावरण प्रदूषण बढ़ते जा रहा है. इसका मुख्य कारण है वृक्ष की कमी. आज लकड़ी माफियाओं द्वारा जंगलों की अंधाधुन कटाई की जा रही है. इन पर गंभीरता से रोक लगाने की आवश्यकता है. जंगलों में भी पेड़ लगानी पड़ेगी ताकि हम आने वाली पीढ़ी के लिए पर्यावरण का संरक्षण कर सकें. मौके पर एस्पायर बीसी चंद्रकांत घाटे, बीपीओ अरुण विश्वकर्मा, मझगांव मुखिया मधु धान, शिक्षक मोजाहिद हुसैन, राजेश महतो, आदिल अंसारी, अबू तलहा, चांदु कुई, कुंवारी कवारी, आदि उपस्थित थे. [wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp