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मोदी सरनेम मानहानि मामला: राहुल गांधी की अर्जी पर पूर्णेश मोदी, गुजरात सरकार को SC का नोटिस

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New Delhi : सुप्रीम कोर्ट ने मोदी सरनेम को लेकर की गयी विवादित टिप्पणी से जुड़े आपराधिक मानहानि मामले में गुजरात उच्च न्यायालय के फैसले को चुनौती देने वाली कांग्रेस नेता राहुल गांधी की अर्जी पर सुनवाई की. इस क्रम में गुजरात के पूर्व मंत्री पूर्णेश मोदी और प्रदेश सरकार से शुक्रवार को जवाब मांगा. ">https://lagatar.in/category/desh-videsh/">

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बता दें कि उच्च न्यायालय ने मानहानि मामले में राहुल की ओर से दायर उस याचिका को खारिज कर दिया था, जिसमें उनकी दोषसिद्धि पर रोक लगाने का अनुरोध किया गया था.

   न्यायमूर्ति गवई और न्यायमूर्ति मिश्रा की पीठ ने  सुनवाई  की 

न्यायमूर्ति बी आर गवई और न्यायमूर्ति पी के मिश्रा की पीठ ने राहुल की अर्जी पर सुनवाई करते हुए पूर्णेश मोदी और गुजरात सरकार को नोटिस जारी किये. पूर्णेश मोदी ने 13 अप्रैल 2019 को कर्नाटक के कोलार में एक चुनावी जनसभा के दौरान मोदी उपनाम को लेकर की गयी विवादित टिप्पणी को लेकर राहुल के खिलाफ वर्ष 2019 में मानहानि का मामला दर्ज कराया था.

कांग्रेस नेता ने 111 दिनों तक पीड़ा झेली है

सुप्रीम कोर्ट की पीठ ने कहा, इस स्तर पर सीमित सवाल यह है कि क्या दोषसिद्धि पर रोक लगाई जानी चाहिए. राहुल की तरफ से पेश वरिष्ठ अधिवक्ता अभिषेक सिंघवी ने कहा कि कांग्रेस नेता ने 111 दिनों तक पीड़ा झेली है, एक संसद सत्र में हिस्सा लेने का अवसर गंवा दिया है और एक और सत्र में शामिल होने का मौका खोने वाले हैं. इसके बाद SC ने मामले की अगली सुनवाई के लिए चार अगस्त की तारीख तय की. इससे पहले राहुल ने 15 जुलाई को दाखिल की गयी याचिका में कहा था कि अगर सात जुलाई को पारित आदेश पर रोक नहीं लगाई जाती है, तो इससे बोलने, अभिव्यक्ति, विचार व्यक्त करने और बयान देने की आजादी का दम घुट जायेगा.

राहुल को 24 मार्च को अयोग्य घोषित कर दिया गया

राहुल को 24 मार्च को लोकसभा सदस्य के रूप में अयोग्य घोषित कर दिया गया था, जब गुजरात की एक अदालत ने मोदी उपनाम को लेकर की गई विवादित टिप्पणी से जुड़े आपराधिक मानहानि मामले में उन्हें दोषी ठहराते हुए दो साल की कैद की सजा सुनाई थी. राहुल की दोषसिद्धि पर रोक से उनकी लोकसभा सदस्यता की बहाली का मार्ग प्रशस्त हो सकता था, लेकिन उन्हें सत्र अदालत और गुजरात उच्च न्यायालय से कोई राहत नहीं मिली. [wpse_comments_template]  

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