Search

 
 
 

सिरमटोली रैंप विवाद पर NCST आयोग अगले सप्ताह करेगा सुनवाई

रांची DC मंजू नाथ भजंत्री को समन जारी करते हुए 30 मई  को दिल्ली में उपस्थित होने का निर्देश दिया था,  लेकिन किसी कारणवश वह आयोग के समक्ष उपस्थित नहीं हो पाये.
 

Vinit Abha Upadhyay

  Ranchi :  राष्ट्रीय अनुसूचित जनजाति आयोग (एनसीएसटी) रांची के सिरमटोली-मेकन फ्लाईओवर के रैंप निर्माण को लेकर हो रहे विवाद पर अब 3 जून को अगली सुनवाई कर सकता है. उस दिन आयोग दो मामलों की सुनवाई करेगा.

 

दरअसल आयोग ने रांची DC मंजू नाथ भजंत्री को समन जारी करते हुए 30 मई  को दिल्ली में उपस्थित होने का निर्देश दिया था,  लेकिन किसी कारणवश वह आयोग के समक्ष उपस्थित नहीं हो पाये.

 

 

 सिरम टोली के रहने वाले अरविंद हंस एवं अन्य व्यक्तियों ने आयोग के समक्ष यह शिकायत दर्ज कराई है कि सिरमटोली स्थित केंद्रीय सरना स्थल के संरक्षण को नजरअंदाज करते हुए फ्लाईओवर रैंप का निर्माण किया जा रहा है.

 

इससे धार्मिक और सांस्कृतिक गतिविधियों पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ रहा है. पिछले सुनवाई में अरविंद हंस की ओर से  झारखंड हाईकोर्ट की अधिवक्ता किरना सुषमा खोया उर्फ पिंकी खोया उपस्थित रही

 

लेकिन रांची DC न तो स्वयं उपस्थित रहे और ना ही उनकी ओर से जिम्मेदार अधिकारी आयोग के समक्ष उपास्थि हुए.

 

इस बात से आयोग की सदस्य डॉ आशा लकड़ा ने नाराजगी जताई और कहां कि रांची जिले के जिम्मेदार अधिकारी को आयोग की गरिमा का ख्याल रखना चाहिए.

 

उल्लेखनीय है कि सरना स्थल की भूमि पर मल्टीपरपज कम्युनिटी हॉल का निर्माण मुंडा जनजातियों की  रूढ़ी और प्रथा के विरुद्ध है.

 

उन्होंने कहा कि सरना स्थल वह स्थान होता है जहां हमारे सिंह बोंगा और जाहिर एरा जाहिर देवी का वास होता है.

 

अतः ऐसे पवित्र स्थान पर भवन के नाम पर लेट्रीन और बाथरूम का निर्माण सख्त रूप से वर्जित है.

 

भवन बनाकर सरना स्थल की मर्यादा और उसकी अस्मिता को छिन्न भिन्न किया गया है.  आयोग इस विषय पर गंभीर है.

Comments
Leave a Comment
Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही