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अधिकारियों की लापरवाही : खासमहल जिला मत्स्य कार्यालय परिसर के तालाब में गंदे पानी में छठ व्रतियों को देना पड़ा अर्घ्य

Jamshedpur : लोक आस्था एवं स्वच्छता के महापर्व छठ को लेकर सरकार और जिला प्रशासन एक सप्ताह पहले से ही सतर्क था. छठ घाटों की युद्ध स्तर पर सफाई करवाई गई. वहीं सरकार जिला मत्स्य कार्यालय परिसर में स्थित तालाब की किसी ने सुधि नहीं ली. विभाग भी कान में तेल डालकर सोया रहा. उक्त विभाग को लोक आस्था के पर्व और स्वच्छता से कोई मतलब नहीं रहा. इसके कारण छठ व्रती गंदे तालाब में अर्घ्य देने को मजबूर हुए. उक्त तालाब सरकारी है, लेकिन आस्था एवं स्वच्छता के इस पर्व के साथ विभाग ने घोर लापरवाही बरती. यहां हर वर्ष छठ व्रती व्रत करते हैं. इस वर्ष भी छठ व्रती पर्व मनाने के लिए मत्स्य विभाग के उस तालाब में आए, लेकिन वहां का नजारा देख सभी दंग रह गए. इसे भी पढ़ें : कुचाई">https://lagatar.in/seeing-wife-and-cousin-in-an-objectionable-position-in-kuchai-both-were-beaten-to-death-with-sticks/">कुचाई

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जिस तालाब में लोग छठ मनाने आए, वह घास फूस से भरा पड़ा था. पानी भी गंदा था, लेकिन पर्व मनाने की मजबूरी के चलते लोगों ने उक्त गंदे तालाब में ही भगवान भास्कर को संध्या अर्घ्य दिया. पर्व मनाने आए लोगों ने बताया कि वे लोग प्रत्येक वर्ष उक्त तालाब में छठ पर्व मनाने आते हैं. पहले विभाग की ओर से तालाब की सफाई के साथ ही श्रद्धालुओं के लिए घाट पर लाइटिंग की व्यवस्था की जाती थी. लेकिन इस वर्ष तालाब की सफाई तो दूर घाट भी नहीं बनाया गया. केवल दिखावा के लिए तालाब के मुहाने का कुछ हिस्सा साफ करवा दिया गया है. लोगों ने बताया कि तालाब में खासमहल, करनडीह, बिजली विभाग कॉलोनी के लोग छठ व्रत करने आते हैं. [wpse_comments_template]

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