सेन ने राज्य सरकार को पहले ही किया था सूचित
एक पारिवारिक सूत्र ने बताया कि करीब 10 दिन पहले ब्रिटेन के लिए रवाना हुए सेन ने राज्य सरकार को सूचित किया था कि जिस दिन पुरस्कार दिया जाएगा, वह भारत में नहीं होंगे और यह किसी और को दिया जाना चाहिए. सूत्र ने कहा, "जब उन्हें सूचित किया गया, तो उन्होंने स्पष्ट किया कि वह भारत में नहीं रहेंगे और इसे स्वीकार नहीं कर पाएंगे. इसलिए, इसे किसी और को देना सबसे अच्छा होगा." बता दें कि बंग विभूषण सम्मान के लिए अमर्त्य सेन के नाम की घोषणा शनिवार को की गई थी. गौरतलब है कि ये सम्मान पश्चिम बंगाल सरकार की ओर से विभिन्न क्षेत्रों में सेवाओं का सम्मान करने के लिए प्रदान किया जाता है. इसे भी पढ़ें –धनबाद:">https://lagatar.in/dhanbad-news-11-india-owner-arup-chatterjee-also-cheated-former-zip-chairman-of-ten-lakh-rupees/">धनबाद:न्यूज 11 भारत के मालिक अरूप चटर्जी ने पूर्व जिप अध्यक्ष से भी ठगे दस लाख रुपये [wpse_comments_template]

Leave a Comment