- मेयर पद दावेदारों ने शुरू किया शक्ति-प्रदर्शन
Rewti Raman
Palamu : नगर निकाय चुनाव की आहट के साथ ही मेदनीनगर नगर निगम क्षेत्र पूरी तरह चुनावी रंग में रंगता नजर आ रहा है. भले ही राज्य निर्वाचन आयोग की ओर से अब तक तारीखों की औपचारिक घोषणा नहीं हुई है. लेकिन मेयर पद के लिए संभावित प्रत्याशियों ने होर्डिंग्स के जरिए प्रचार की शुरुआत कर दी है.
शहर के प्रमुख चौक-चौराहों पर बड़े-बड़े चुनावी होर्डिंग्स ने माहौल को पूरी तरह चुनावी बना दिया है. छह मुहान, कचहरी चौक, रेडमा चौक, बैरिया चौक, साहित्य समाज चौक समेत शहर के कई इलाकों में संभावित प्रत्याशियों के होर्डिंग्स नजर आ रहे हैं.
कहीं स्वागत संदेश, कहीं समाज सेवा का दावा तो कहीं खुद को भावी मेयर के रूप में प्रस्तुत करते चेहरे दिखाई दे रहे हैं. सूत्रों के अनुसार नगर निकाय चुनाव की घोषणा 27 जनवरी को हो सकती है और फरवरी महीने में पूरी चुनावी प्रक्रिया संपन्न कराने की तैयारी राज्य निर्वाचन आयोग द्वारा की जा रही है.
मेयर पद आरक्षित होने से बदला चुनावी समीकरण
मेयर पद महिलाओं के लिए आरक्षित होते ही राजनीतिक समीकरण भी बदल गए हैं. कई परिवारों ने चुनाव को पारिवारिक रणनीति बना लिया है, तो कुछ ने दौड़ से हटना बेहतर समझा. पहले जहां पुरुष नेता खुद दावेदारी कर रहे थे, अब कई ने अपनी पत्नी, बेटी या परिवार की अन्य महिला सदस्यों को मैदान में उतार दिया है. इनमें से कई महिला प्रत्याशियों ने तो खुलकर जनसंपर्क करना शुरू कर दिया है.
दर्जनों दावेदारों ने पेश की मौजूदगी
विभिन्न माध्यम से अपनी मौजूदगी दर्ज कराने वालों में पूर्व मेयर अरुणा शंकर, पूर्व नगर परिषद अध्यक्ष पूनम सिंह, पूर्व नगर परिषद उपाध्यक्ष मनोज सिंह की पत्नी शोभा सिंह, पूर्व मंत्री के.एन. त्रिपाठी की बेटी नम्रता त्रिपाठी, पूर्व उपमेयर मंगल सिंह की पत्नी रिंकू सिंह, नामधारी परिवार से हरप्रीत नामधारी, पूर्व वार्ड पार्षद जयश्री गुप्ता, भाजपा नेता परशुराम ओझा की पत्नी जानकी ओझा रानो देवी और मीना गुप्ता प्रमुख हैं.
समर्थकों में खुली चर्चा और बहस का दौर शुरू
अब आम लोग भी इन्हीं होर्डिंग्स को देखकर प्रत्याशियों को लेकर चर्चा करते दिख रहे हैं. चौक-चौराहों पर समर्थकों के बीच खुली बहस, तुलना और आंकलन शुरू हो चुका है, जिससे साफ है कि चुनावी माहौल पूरी तरह बन चुका है. आने वाले दिनों में शहर की सड़कों और चौक-चौराहों पर और नए होर्डिंग्स लगने की पूरी संभावना है. वहीं कई राजनीतिक दलों में भी आपसी टकराव देखने को मिल सकता है.
कई राजनीतिक दलों ने नहीं खोले पत्ते
राजनीतिक दलों की ओर से अब तक आधिकारिक प्रत्याशियों की घोषणा नहीं हुई है. हालांकि एक प्रेस कॉन्फ्रेंस में जिला अध्यक्ष द्वारा पूनम सिंह को उम्मीदवार बताए जाने के बाद चर्चाओं को और बल मिला है. भाजपा, झामुमो, कांग्रेस समेत अन्य दलों के कई नेता भी अपनी रणनीति बनाने में जुटे हैं. इसके साथ ही विभिन्न प्रत्याशियों तुलनात्मक दृष्टि से आंका जा रहा है.
पिछले चुनाव के आंकड़े भी दिलचस्प
2018 के नगर निगम चुनाव में भाजपा प्रत्याशी अरुणा शंकर ने जीत दर्ज की थी. उन्होंने पूर्व नगर परिषद अध्यक्ष पूनम सिंह को 4543 वोटों से हराया था.
2018 के चुनाव में प्रमुख प्रत्याशियों को मिले वोट
| प्रत्याशी | वोट |
| अरुणा शंकर | 15944 |
| पूनम सिंह | 11401 |
| निर्मला देवी | 10604 |
| मीना देवी | 10587 |
| गीता देवी | 7741 |
| रानो देवी | 4410 |
इन आंकड़ों से स्पष्ट है कि मेदनीनगर का चुनाव हमेशा कांटे का रहा है. इस बार होर्डिंग्स की भरमार और दावेदारों की लंबी कतार से मुकाबला और भी रोचक होने की उम्मीद है.











































































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