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सरला बिरला विश्वविद्यालय में होगी फार्मेसी एवं बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई

बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई की भी मंजूरी मिली

Ranchi : सरला बिरला विश्वविद्यालय में अब फार्मेसी एवं बीएससी नर्सिंग की पढ़ाई होगी. डिपार्टमेंट ऑफ फार्मेसी के सभी मानकों को पूरा करने के बाद फार्मेसी काउंसिल ऑफ इंडिया के द्वारा अकादमिक सत्र 2023- 24 के लिए बी- फार्मा एवं डी- फार्मा की की मान्यता मिल गई है. विश्वविद्यालय के फार्मेसी विभाग में 60 सीट पर बी-फार्मा तथा 60 सीट पर डी -फार्मा में नामांकन की प्रक्रिया जल्द ही शुरू की जाएगी.

बता दें कि बी-फार्मा फोर ईयर अंडरग्रैजुएट कोर्स है, जो आठ सेमेस्टर में पूर्ण होगा तथा डी-फार्मा टू ईयर डिप्लोमा कोर्स है, जो फोर सेमेस्टर में पूर्ण होगा.

इसी के साथ इंडियन नर्सिंग काउंसिल के बीएससी नर्सिंग के सभी मानदंडों को पूरा करने के बाद अकादमिक सत्र 2022- 23 के लिए विश्वविद्यालय की इकाई महादेवी बिरला इंस्टिट्यूट ऑफ़ नर्सिंग एंड क्लीनिकल टेक्नोलॉजी को बीएससी नर्सिंग की मान्यता प्राप्त हो गई है. अब महादेवी बिरला इंस्टिट्यूट ऑ नर्सिंग एंड क्लीनिकल टेक्नोलॉजी रांची में एएनएम, जीएनएम के साथ-साथ बीएससी नर्सिंग की भी पढ़ाई के लिए जल्द ही नामांकन प्रक्रिया प्रारंभ की जाएगी.

विश्वविद्यालय के कुलपति प्रोफेसर गोपाल पाठक ने प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि फार्मेसी एवं बीएससी नर्सिंग के सभी मानदंडों के अनुरूप उत्तम शिक्षा प्रदान करने की दिशा में विश्वविद्यालय प्रशासन सदैव गतिशील रहेगी.

उन्होंने कहा कि वर्तमान समय में मेडिकल सेक्टर में काफी कुछ करने की आवश्यकता है. फार्मेसी एक रोजगारोन्मुखी कोर्स है तथा फार्मेसी का भविष्य उज्जवल है. फार्मेसी के छात्र सरकारी जॉब के साथ-साथ अपना खुद का व्यवसाय भी कर सकते हैं.

आगे उन्होंने कहा कि बीएससी नर्सिंग सेवा के साथ-साथ रोजगार की बड़ी अपॉर्चुनिटी उपलब्ध कराती है.

विश्वविद्यालय के मुख्य कार्यकारी पदाधिकारी डॉ. प्रदीप कुमार वर्मा ने विश्वविद्यालय में फार्मेसी एवं बीएससी नर्सिंग कोर्स के संचालन के लिए संबंधित निकायों द्वारा मिली स्वीकृति पर प्रसन्नता व्यक्त करते हुए कहा कि सरला बिरला विश्वविद्यालय केवल गुणात्मक शिक्षा के क्षेत्र में ही नहीं, बल्कि रोजगारोन्मुखी शिक्षा प्रदान करने की दिशा में शिक्षा का महत्वपूर्ण केंद्र बनने की दिशा में प्रयत्नशील है.

इस अवसर पर विश्वविद्यालय के कुलसचिव प्रोफेसर विजय कुमार सिंह, कार्मिक एवं प्रशासनिक प्रबंधक अजय कुमार, पीएओ प्रवीण कुमार, आशुतोष द्विवेदी, डॉ. सुबानी बाड़ा, डॉ. संदीप कुमार, प्रो. एसबी दंडीन, हरि बाबू शुक्ला, डॉ. राधा माधव झा, डॉ. पार्थ पॉल, डॉ. अशोक कुमार अस्थाना, डॉ. विश्वरूप सामंता, प्रो. अमित गुप्ता, प्रो. आदित्य विक्रम वर्मा, डॉ. पूजा मिश्रा, डॉ. रिया मुखर्जी, डॉ. भारद्वाज शुक्ल, अनुभव अंकित, सुभाष नारायण शाहदेव, राहुल रंजन, आदित्य रंजन आदि ने हर्ष व्यक्त किया है.

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