Search

Advertisement
Advertisement
Advertisement

पीएम मोदी 21 जून को यूएन मुख्यालय में योग सत्र का करेंगे नेतृत्व, योगाभ्यास से होने वाले लाभ की देंगे जानकारी

United Nations : हर साल 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाया जाता है. अंतरराष्ट्रीय स्तर पर योग दिवस मनाने की शुरुआत साल 2015 में हुई थी. इस तरह साल 2023 में पूरी दुनिया नौंवा अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनायेगी. इस बार योग दिवस पर प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में योग सत्र का नेतृत्व करेंगे. सुबह 8 से 9 बजे तक उत्तरी लॉन में आयोजित योग सत्र में पीएम मोदी पूरी दुनिया को योगाभ्यास से होने वाले लाभ की जानकारी देंगे. साथ ही लोगों में जागरुकता फैलाने से साथ उन्हें योगाभ्यास के लिए प्रेरित करेंगे. बता दें कि संयुक्त राष्ट्र ने दिसंबर 2014 में 21 जून को अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के रूप में मनाने की घोषणा की थी. (पढ़ें, जम्मू">https://lagatar.in/five-foreign-terrorists-killed-by-security-forces-in-jammu-and-kashmirs-kupwara/">जम्मू

कश्मीर के कुपवाड़ा में सुरक्षाबलों ने पांच विदेशी आतंकवादियों को मार गिराया)

यूएन महासभा के मंच से ही मोदी ने योग दिवस के वार्षिक आयोजन का रखा था प्रस्ताव

बता दें कि प्रधानमंत्री मोदी ने नौ साल पहले पहली बार संयुक्त राष्ट्र महासभा के मंच से अंतरराष्ट्रीय योग दिवस के वार्षिक आयोजन का प्रस्ताव रखा था. उसके बाद यह पहली बार होगा, जब वह संयुक्त राष्ट्र मुख्यालय में योग सत्र का नेतृत्व करेंगे. यह भारत के लिए एक ऐतिहासिक दिन होगा. इस ऐतिहासिक योग सत्र में संयुक्त राष्ट्र के शीर्ष अधिकारियों, राजदूतों, दूतों, सदस्य देशों के प्रतिनिधियों के साथ-साथ वैश्विक और प्रवासी समुदाय के प्रमुख सदस्यों के भाग ले सकते हैं. योग सत्र में उपस्थित लोगों और अतिथियों को योग के अनुकूल कपड़े पहनने के लिए प्रोत्साहित किया गया है. इसे भी पढ़ें : तेजी">https://lagatar.in/rapidly-shrinking-rivers-and-ponds/">तेजी

से सिमट रहे नदी-तालाब

मन और शरीर, विचार और क्रिया की एकता का प्रतीक है योग

‘योग’ संस्कृत का शब्द है. जिसका अर्थ जुड़ना या एकजुट होना है. योग शरीर और चेतना के मिलन का प्रतीक है. अंतरराष्ट्रीय योग दिवस मनाने का प्रस्ताव सबसे पहले प्रधानमंत्री मोदी ने महासभा के 69वें सत्र के उद्घाटन के दौरान अपने संबोधन में रखा था. उन्होंने कहा था कि योग हमारी प्राचीन परंपरा का एक अमूल्य उपहार है. योग मन और शरीर, विचार और क्रिया की एकता का प्रतीक है... एक समग्र दृष्टिकोण (जो) हमारे स्वास्थ्य और आरोग्य के लिए मूल्यवान है. योग केवल व्यायाम के बारे में नहीं है, यह अपने आप में विश्व और प्रकृति के साथ एकता की भावना को खोजने का एक तरीका है. इसे भी पढ़ें : गुजरात">https://lagatar.in/after-gujarat-now-cyclonic-storm-biparjoy-is-going-to-knock-in-rajasthan-winds-will-run-at-a-speed-of-60-70-kmph/">गुजरात

के बाद अब राजस्थान में दस्तक देने चला चक्रवाती तूफान बिपरजॉय, 60-70 किमी प्रति घंटे की रफ्तार से चलेंगी हवाएं
[wpse_comments_template]

Comments

Leave a Comment

Follow us on WhatsApp

Lagatar Media

Lagatar Media App
बेहतर न्यूज़ अनुभव
Lagatar Media App
ब्राउज़र में ही